रिपोर्ट्स के मुताबिक, मेहदी महमूदियन को शनिवार को तेहरान में विदा रब्बानी और अब्दुल्ला मोमेनी के साथ गिरफ्तार किया गया। यह एक्शन तब लिया गया, जब तीनों ने ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई के कामों की आलोचना करते हुए एक सार्वजनिक बयान पर दस्तखत किए थे। हालांकि, अभी तक, अधिकारियों ने उनके खिलाफ आरोपों का खुलासा नहीं किया है।
दोस्त जाफर पनाही ने गिरफ्तारी पर दिया भावुक बयान
मेहदी महमूदियन, विदा रब्बानी और अब्दुल्ला मोमेनी की गिरफ्तारी पर ईरान के कलाकारों और मानवाधिकार समुदायों ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। सुप्रीम लीडर की आलोचना करने वाले बयान पर साइन करने वाले 17 लोगों में मशहूर फिल्म निर्माता जाफर पनाही भी थे, जिन्होंने ‘इट वाज जस्ट एन एक्सीडेंट’ में महमूदियन के साथ काम भी किया था। जाफर पनाही ने गिरफ्तारी की निंदा करते हुए एक भावुक बयान जारी किया। मेहदी पहले भी सुप्रीम लीडर की खिलाफत करने के कारण जेल जा चुके हैं।
मेहदी महमूदियन 7 महीने जेल में रह चुके हैं जाफर पनाही
जाफर पनाही ने कहा, ‘मैं मेहदी महमूदियन से जेल में मिला था। पहले ही दिन से, वह सबसे अलग थे – न केवल अपने शांत स्वभाव और दयालु व्यवहार के कारण, बल्कि दूसरों के प्रति जिम्मेदारी की एक दुर्लभ भावना के कारण भी। जब भी कोई नया कैदी आता था, मेहदी उन्हें बुनियादी जरूरतें देने की कोशिश करते थे और, इससे भी महत्वपूर्ण बात, उन्हें दिलासा देते थे। वह जेल के अंदर एक शांत स्तंभ बन गए थे। उन पर सभी मान्यताओं और पृष्ठभूमि के कैदी भरोसा करते थे और अपनी बातें बताते थे।’
नौ साल की जेल में कानून और सिस्टम की समझ
अपने बयान में जाफर ने आगे कहा, ‘हमने सात महीने एकसाथ सलाखों के पीछे बिताए। उनकी रिहाई के कुछ महीने बाद, जब मैं ‘इट वाज जस्ट एन एक्सीडेंट’ के स्क्रीनप्ले पर काम कर रहा था। मैंने उनसे डायलॉग को बेहतर बनाने में मदद करने के लिए कहा। उनकी नौ साल की जेल ने उन्हें न्यायिक प्रणाली और जेल जीवन का सीधा, अनुभवजन्य ज्ञान दिया था। साथ ही, मानवाधिकारों में उनके व्यापक फील्डवर्क ने उन्हें सलाह के लिए एक विश्वसनीय और आधिकारिक स्रोत बना दिया था।’
जाफर का खुलासा- 48 घंटे पहले ही हुई थी बात
जाफर पनाही ने खुलासा किया कि गिरफ्तारी से 48 घंटे पहले ही उनकी मेहदी से मैसेज पर बात हुई थी। उन्होंने बताया, ‘उनकी गिरफ्तारी से 48 घंटे पहले, हमने फोन पर बात की और फिर कुछ मैसेज एक्सचेंज किए। मैंने उन्हें सुबह चार बजे अपना आखिरी मैसेज भेजा। अगले दिन दोपहर तक कोई जवाब नहीं आया। मैं चिंतित हो गया और कॉमन दोस्तों से संपर्क किया। उनमें से किसी ने भी उनसे बात नहीं की थी। कुछ घंटे बाद, BBC पर्शियन ने आधिकारिक तौर पर घोषणा की कि मेहदी महमूदियन को, अब्दुल्ला मोमेनी और विदा रब्बानी के साथ गिरफ्तार कर लिया गया है।’
It Was Just an Accident फिल्म, जिसे मिला था Oscar नॉमिनेशन
‘इट वाज जस्ट एन एक्सीडेंट’ साल 2025 की एक थ्रिलर फिल्म है जिसे जाफर पनाही ने डायरेक्ट किया है। मेहदी महमूदियन के साथ मिलकर जाफर ने इसकी कहानी लिखी है। यह फिल्म पूर्व ईरानी राजनीतिक कैदियों के एक ग्रुप की कहानी है, जो इस सवाल का सामना करते हैं कि क्या उन्हें उस आदमी से बदला लेना चाहिए, जिसे वे अपना टॉर्चर करने वाला मानते हैं। जाफर पनाही और मेहदी महमूदियन, ईरानी सरकार के आलोचक रहे हैं और कई बार जेल जा चुके हैं। उन्होंने ने ईरानी अधिकारियों से आधिकारिक अनुमति के बिना यह फिल्म बनाई। इसका वर्ल्ड प्रीमियर 20 मई 2025 को 78वें कान फिल्म फेस्टिवल में हुआ, जहां इसने ‘पाल्मे डी’ओर’ अवॉर्ड जीता। 83वें गोल्डन ग्लोब अवॉर्ड्स में, इसे बेस्ट मोशन पिक्चर – ड्रामा, बेस्ट डायरेक्टर और बेस्ट स्क्रीनप्ले के लिए नॉमिनेट किया गया। 98वें ऑस्कर अवॉर्ड में इसे बेस्ट इंटरनेशनल फीचर फिल्म और बेस्ट ओरिजिनल स्क्रीनप्ले के लिए नॉमिनेशन मिला है।
ईरान में क्यों हो रहे हैं हिंसक प्रदर्शन
ईरान में बीते साल दिसंबर महीने के अंत से विरोध प्रदर्शन जारी है। इसकी शुरुआत कारोबारी वर्ग ने की। पूरे ईरान में डॉलर के मुकाबले ईरानी रियाल में भारी गिरावट के बाद बाजारियों ने हफ्तों तक विरोध प्रदर्शन किया। पहले तो यह प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहे, लेकिन बाद में हिंसक हो उठा। प्रदर्शनकारियों ने कई मस्जिदों, सरकारी इमारतों और बैंक सहित सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाया है। तेहरान ने इस अशांति के लिए अमेरिका और इजरायल पर दोष मढ़ा है।














