जिओ न्यूज के मुताबिक डीआईजी डाक्टर फारुख लानजार ने कहा कि शुरुआती सूचना के मुताबिक यह विस्फोट गैस लीक करने की वजह से हुआ। उन्होंने बताया कि इस बात की आशंका है कि और शव अभी इमारत के अंदर दबे हो सकते हैं। उन्होंने बताया कि मलबे को हटाने के लिए राहत और बचाव काम तेजी से जारी है। सभी घायलों को अस्पताल भेज दिया गया है। उन्होंने कहा कि इस विस्फोट के असली कारणों का खुलासा जांच के बाद ही हो पाएगा। इस बात की जांच की जाएगी कि यह इमारत कानूनी थी या गैर कानूनी। अगर यह गैर कानूनी होगी तो कार्रवाई की जाएगी।
बचाव दल ने एक तलाशी अभियान शुरू कर दिया है और कई शवों और घायलों को मलबे से निकाला है। मरने वालों में एक 10 साल की बच्ची और एक 60 साल के बुजुर्ग भी शामिल हैं। सभी पीड़ितों की पहचान की कोशिश की जा रही है। एक 14 साल की बच्ची को बचा लिया गया है और उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है जहां उसका इलाज चल रहा है। इमारत के तलाशी का काम पूरा हो गया है और अब मलबे को हटाया जा रहा है। पुलिस ने पूरे इलाके को घेर लिया है और सुरक्षा व्यवस्था को कड़ा कर दिया गया है।














