संवैधानिक संस्थाओं को कमजोर कर रही मोदी सरकार
सरकार द्वारा बुलाई गई सर्वदलीय बैठक के बाद राज्यसभा में कांग्रेस के उप नेता प्रमोद तिवारी ने यह आरोप भी लगाया कि सरकार संविधान से मिले अधिकारों को खत्म कर रही है और संवैधानिक संस्थाओं को कमजोर कर रही है। उन्होंने कहा कि विपक्ष विदेश नीति का विषय भी उठाएगा। हमारी विदेश नीति कहां पहुंच गई? कोई हमारे साथ खड़ा नहीं है। हमें यह भी नहीं पता चल रहा है कि किसके साथ चलें, कौन हमारे साथ चलेगा।
कांग्रेस संसद में उठाएगी ये मुद्दा
उनका कहना था कि सरकार की आर्थिक नीति की बात करें तो रुपया सबसे निचले स्तर पर पहुंच गया है। उन्होंने आगे कहा कि अमेरिका की ओर से लगातार टैरिफ जारी है और रूसी तेल (की खरीद) का मुद्दा भी है। दिल्ली और दूसरी जगहों पर हमने वायु प्रदूषण का जो सबसे भयानक रूप देखा है, उसे देखते हुए हम यह मुद्दा भी उठाएंगे… हम इंदौर में दूषित पानी से होने वाली मौतों का मुद्दा भी उठाएंगे।
मनरेगा का नाम बदलकर खत्म कर रहे रोजगार
कांग्रेस नेता ने कहा कि मनरेगा का मुद्दा भी बहुत महत्वपूर्ण है क्योंकि इस योजना से सिर्फ महात्मा गांधी का नाम ही नहीं हटाया गया है, बल्कि ग्रामीण क्षेत्र में रोजगार खत्म किया जा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि इसके अलावा जम्मू-कश्मीर के पूर्ण राज्य के दर्जे की बहाली, ‘वोट चोरी’ और बेरोजगारी के विषय को इस सत्र के दौरान उठाया जाएगा।














