यहां बता दें कि बहुत कम लोग जानते हैं कि अभिषेक का सपना शुरू से एक्टर बनने का नहीं था। फिल्मों में कदम रखने से पहले वह एक बिजनेस प्रोफेशनल बनना चाहते थे। अभिषेक बच्चन का जन्म 5 फरवरी 1976 को मुंबई में हुआ। वह सदी के महानायक अमिताभ बच्चन और जया बच्चन के बेटे हैं। ऐसे परिवार में जन्म लेने के बाद लोगों को लगता है कि रास्ता अपने-आप साफ हो जाता है और करियर बना बनाया मिलता है, लेकिन अभिषेक के साथ चीजें अलग थीं। पढ़ाई के लिए उन्हें विदेश भेजा गया, जहां उन्होंने बिजनेस मैनेजमेंट की पढ़ाई शुरू की। उनका सपना था कि वह कॉर्पोरेट दुनिया में अपना नाम बनाएं और एक सफल बिजनेस प्रोफेशनल बनें।
पारिवार का नाम खराब करने के लिए थप्पड़ मार दिया
अभिषेक उनमें से हैं जिनकी जिंदगी बाहर से जितनी चमकदार दिखती है, भीतर से उतनी ही संघर्षों से भरी है। अभिषेक ने एक बार खुद बताया था कि एक महिला ने उनकी खराब एक्टिंग की वजह से पारिवार का नाम खराब करने के लिए थप्पड़ मार दिया था।
एक महिला ने उनकी एक्टिंग को लेकर रिव्यू करते हुए तीखे कॉमेंट किए
साल 2018 में जागरण फिल्म समिट के इवेंट में अभिषेक बच्चन ने ये किस्सा खुद सुनाया और बताया था उनकी एक्टिंग से निराश होकर एक महिला ने उन्हें थप्पड़ मार दिया था। ये घटना 2002 के आसपास की रही होगी। उन दिनों अभिषेक को अपनी परफॉर्मेंस के लिए काफी आलोचनाएं मिल रही थी। एक्टर ने उस घटना को याद करते हुए कहा कि एक महिला ने उनकी एक्टिंग को लेकर रिव्यू करते हुए उनके लिए काफी तीखे कॉमेंट किए।
अभिषेक बच्चन बोले- एक महिला बाहर आईं और उन्होंने मुझे थप्पड़ मार दिया
इवेंट में मौजूद एक्टर ने अपनी फिल्म ‘शरारत’ की स्क्रीनिंग के दौरान 2002 की एक घटना का जिक्र किया। उन्होंने बातचीत में बताया था, ‘वो मुश्किल दौर था। मैं एक बार गेयटी गैलेक्सी में अपनी फिल्म शरारत का हाल जानने गया था और उसी समय एक महिला बाहर आईं और उन्होंने मुझे थप्पड़ मार दिया। महिला ने कहा कि तुम अपने परिवार का नाम खराब कर रहे हो, तुम एक्टिंग करना छोड़ दो। आज मैं इस पर हंस रहा हूं, लेकिन उस समय मुझे बहुत बुरा लगा था।’
दुखी मन से पिता अमिताभ बच्चन के पास पहुंचे अभिषेक
साल 2010 में एक इंटव्यू में अभिषेक ने बताया कि जब उनकी कई शुरुआती फिल्में नहीं चलीं, तो वह निराशा से भर गए थे। अंदर से टूटने लगे थे। आत्मविश्वास इतना गिर गया था कि रोजमर्रा की छोटी-छोटी चीजें भी मुश्किल लगने लगी थीं। इसी टूटे हुए मन से वह एक बार अपने पिता अमिताभ बच्चन के पास पहुंचे और वहां उन्हें एक नेक सलाह मिली। अभिषेक ने कहा, ‘मैं उनके पास गया और कहा कि मुझे लगता है मैंने गलती कर दी। मैंने हर तरह की फिल्म की, बड़े-बड़े डायरेक्टर्स के साथ काम किया, लेकिन सबको असफलता ही दी।’
पिता अमिताभ बच्चन ने प्यार से डांटा, काम कर गई सलाह
अभिषेक बताते हैं कि इस पर अमिताभ बच्चन ने उनका उत्साह बढ़ाते हुए उन्हें हल्की डांट लगाई। बिग बी ने कहा, ‘मैंने तुम्हें हार मानने के लिए नहीं पाला है। मैंने तुम्हें लड़ना सिखाया है। तुम्हारे अंदर काबिलियत है। तुम हर फिल्म के साथ बेहतर हो रहे हो। मानता हूं अभी मंजिल दूर है, लेकिन काम करते रहो। कैमरे के सामने जितना हो सके उतना वक्त बिताओ।’
‘मनमर्जियां बॉक्स ऑफिस पर बुरी तरह फ्लॉप हो गई
वहीं अभिषेक ने हमेशा तारीफ और आलोचनाओं को दिल से स्वीकार किया है। ऐसा ही एक वाकिया सोशल मीडिया पर हुआ। एक यूजर ने उनकी ट्विटर पर जमकर आलोचना की थी। साल 2018 में फिल्म ‘मनमर्जियां’ रिलीज होने के बाद किसी ने ट्वीट कर कहा था, ‘मनमर्जियां बॉक्स ऑफिस पर बुरी तरह फ्लॉप हो गई, एक बार फिर ये साफ हो गया कि जूनियर बच्चन एक ऐसे दिग्गज हैं जिनमें अच्छी फिल्म को भी फ्लॉप करने की अद्भुत क्षमता है! उनकी प्रतिभा को सलाम, यह हुनर बहुत कम लोगों में होता है। अब समय आ गया है भाई-भतीजावाद को खत्म करने का। स्टारकिड्स वड़ापाव का स्टॉल शुरू करें।’
अभिषेक ने ट्वीट करने वाले को दिया था जवाब
इस ट्वीट का अभिषेक बच्चन ने जवाब देते हुए लिखा था, ‘महोदय, मैं आपसे, एक सम्मानित डॉक्टर से, यह उम्मीद करता हूं कि आप कुछ भी कहने से पहले सभी तथ्यों और आंकड़ों की जांच करें। मुझे पूरी उम्मीद है कि आप अपने मरीजों के साथ भी ऐसा ही करते हैं। फिल्म के आर्थिक पहलुओं को समझ लें, इससे पहले कि आप कुछ ऐसा ट्वीट करें जो आपको शर्मिंदा कर दे।’
उन्होंने अपनी पढ़ाई अधूरी छोड़ दी और भारत लौट आए
बताते चलें कि विदेश में पढ़ाई के दौरान ही अभिषेक ने अपने पिता अमिताभ बच्चन के करियर का वह दौर देखा, जब वह आर्थिक और प्रफेशनल संघर्षों से जूझ रहे थे। पिता को करीब से स्ट्रगल करते देख अभिषेक का मन बदलने लगा। परिवार के हालात और फिल्मों से जुड़े माहौल ने उन्हें यह सोचने पर मजबूर किया कि शायद उन्हें भी अपने पिता के काम को आगे बढ़ाना चाहिए। इसी सोच के साथ उन्होंने अपनी पढ़ाई अधूरी छोड़ दी और भारत लौट आए।
कई फिल्में कीं, जिनमें कुछ चलीं और कई असफल रहीं
साल 2000 में अभिषेक बच्चन ने फिल्म ‘रिफ्यूजी’ से बॉलीवुड में कदम रखा। फिल्म बॉक्स ऑफिस पर सफल नहीं रही, लेकिन अभिषेक की सादगी को नोटिस किया गया। इसके बाद उन्होंने कई फिल्में कीं, जिनमें कुछ चलीं और कई असफल रहीं। शुरुआती साल उनके लिए बेहद कठिन रहे। लगातार फ्लॉप फिल्मों के कारण उनकी तुलना पिता अमिताभ बच्चन से की जाती रही और आलोचनाएं भी झेलनी पड़ीं।
फिल्म ‘गुरु’ में उनके अभिनय को खूब सराहा गया
फिर आया वह दौर, जब अभिषेक ने अपनी पहचान खुद बनानी शुरू की। ‘युवा’, ‘बंटी और बबली’, ‘गुरु’, ‘धूम’ फ्रेंचाइजी और ‘दिल्ली-6’ जैसी फिल्मों में उन्होंने अलग-अलग तरह के किरदार निभाए। खासतौर पर फिल्म ‘गुरु’ में उनके अभिनय को खूब सराहा गया। अभिषेक बच्चन को अपने करियर में कई पुरस्कार और नामांकन मिले। फिल्म ‘युवा’ और ‘सरकार’ के लिए उन्हें फिल्मफेयर अवॉर्ड भी मिला। ओटीटी प्लेटफॉर्म पर आई वेब सीरीज और फिल्मों ने भी उन्हें नए दर्शक दिए और साबित किया कि वह आज भी अपने अभिनय से लोगों को प्रभावित कर सकते हैं।
अभिषेक बच्चन की वो फिल्में, जिनमें काम की हुई खूब तारीफ
- 2003 – जमीन
- 2003 – LOC: कारगिल
- 2004 – युवा
- 2004 – धूम
- 2005 – बंटी और बबली
- 2005 – सरकार
- 2005 – दस
- 2006 – कभी अलविदा ना कहना
- 2006 – धूम 2
- 2007 – शूटआउट एट लोखंडवाला
- 2007 – लागा चुनरी में दाग
- 2009 – दिल्ली 6
- 2012 – बोल बच्चन
- 2013 – धूम 3
- 2016 – हाउसफुल 3
- 2021 – द बिग बुल
- 2022 – दसवी
- 2024 – आई वांट टू टॉक
- 2025 – कालीधर लापता
भविष्य को हमेशा दूर तक देखकर चलते हैं
आज अभिषेक सिर्फ एक्टर ही नहीं हैं, बल्कि एक समझदार इन्वेस्टर और बिजनेस-माइंडेड व्यक्ति भी हैं। बिजनेस मैनेजमेंट की जो पढ़ाई कभी अधूरी रह गई थी, उसका असर उनके फैसलों में दिखाई देता है। स्पोर्ट्स, रियल एस्टेट और टेक्नोलॉजी में किए गए निवेश इस बात का सबूत हैं कि वह भविष्य को हमेशा दूर तक देखकर चलते हैं।













