AI जैसी टेक्नोलॉजी मौजूद हैं, तो आखिर धुंधली तस्वीरें या शब्दों की पहेली सुलझा कर हम इंसानों को अपने इंसान होने का सबूत क्यों देना पड़ता है? आपके मन में भी यह सवाल आते हैं, तो बता दें कि यह CAPTCHA इंटरनेट की सीमा पर ऐसे डिजिटल सैनिक हैं जो हमारी साइबर दुनिया को बर्बाद होने से बचा रहे हैं।
मशीनों के लिए CAPTCHA की पहेली हल कर पाना लगभग असंभव होता है। यही वजह है कि CAPTCHA हमें इंटरनेट पर बॉट्स से बचाने के काम आते हैं।
क्या होता है CAPTCHA?
CAPTCHA का पूरा नाम Completely Automated Public Turing test to tell Computers and Humans Apart होता है। यह एक तरह का टेस्ट है, जो कि इंसान तो पूरा कर सकते हैं लेकिन मशीनों या कहें कि बॉट्स के लिए उसे पास कर पाना संभव नहीं होता।
एक तरह से कह सकते हैं कि CAPTCHA इंटरनेट पर हमारी हैकर्स और उनके बॉट्स से रक्षा करते हैं।
क्यों होती है CAPTCHA की जरूरत?
CAPTCHA की जरूरत उन ऑटोमैटिक प्रोग्राम्स या बॉट्स से सुरक्षा के लिए पड़ती है, जो इंटरनेट पर हमें स्पैन या नुकसान पहुंचा सकते हैं। इसे कुछ ऐसे समझें कि अगर कैप्चा न हो, तो हैकर्स बॉट यानी कि ऑटोमैटिक रूप से काम करने वाले प्रोग्राम का इस्तेमाल करके किसी भी वेबसाइट के कमेंट सेक्शन या ईमेल लिस्ट में लाखों फर्जी मैसेज भर सकते हैं।
आपने गौर किया है कि जब कहीं भारी डिस्काउंट वाली सेल या ट्रेन टिकट की बुकिंग करनी हो, तो उस समय कैप्चा भरने के लिए कहा जाता है। ऐसा इसलिए होता है ताकि कोई स्क्रिप्ट या बॉट एक सेकंड में सारी सीटें या सामान न बुक कर ले और असली ग्राहकों को मौका मिले।
इसी तरह हैकर्स बॉट्स के जरिए आपके पासवर्ड का अंदाजा लगाने के लिए लाखो-करोड़ों कॉम्बीनेशन आजमा कर देखने की कोशिश करते हैं। ऐसे में CAPTCHA बॉट्स को आपके पासवर्ड का अंदाजा लगाने से रोकता है, क्योंकि वह उसे हल नहीं कर पाते।
गूगल मुफ्त में लेता है आपसे काम
आपको शायद आजतक न पता हो कि जब आप CAPTCHA में साइकिल, बस या कारें सर्च करते हैं, तो उस समय आप गूगल के AI को ट्रेनिंग दे रहे होते हैं कि असल दुनिया में कारें, बसें या साइकिल कैसी दिखती हैं? इस तरह से गूगल आपको बिना बताए अपने AI को ट्रेनिंग देेनें में आपसे काम लेता है।













