दक्षिण कोरिया की नेशनल इंटेलिजेंस एजेंसी (NIS) ने पिछले सप्ताह सांसदों किम जू ए से जुड़े घटनाक्रम के बारे में जानकारी दी थी। किम जू ए को पहली बार साल 2002 के नवम्बर में देखा गया था, जब वे लंबी दूरी के मिसाइल टेस्ट में सबसे सामने आई थीं। लेकिन उनकी सबसे महत्वपूर्ण उपस्थिति पिछले साल सितम्बर में चीन में द्वितीय विश्वयुद्ध की वर्षगांठ के एक कार्यक्रम में दिखी, जब वे अपने पिता के साथ बीजिंग गई थीं। यह उत्तर कोरिया के बाहर उनका पहली सार्वजनिक उपस्थिति थी।
किम जोंग की बहन बन सकती हैं खतरा
NIS ने सांसदों को बताया कि चीन दौरे ने उनके उत्तराधिकार के लिए एक नैरेटिव बनाने में मदद की। लेकिन यह राह इतनी आसान नहीं है। उन्हें सबसे बड़ी चुनौती अपनी बुआ किम यो जोंग से मिल सकती है। 38 साल की किम यो जोंग तानाशाह किम जोंग की बहन हैं। उन्हें उत्तर कोरिया में दूसरी सबसे ताकतवर शख्सियत माना जाता है। कहा जाता है कि उनके पास मजबूत राजनीतिक और मिलिट्री सपोर्ट हासिल है।
न्यूयॉर्क पोस्ट ने दक्षिण कोरिया के एक पूर्व खुफिया अधिकारी राह जोंग यिल के हवाले से बताया है कि किम जोंग उन के परिवार में सत्ता संघर्ष छिड़ सकता है। पूर्व अधिकारी ने कहा कि अगर किम यो को लगता है कि उनके पास मौका और समर्थन है, तो वे आगे बढ़ सकती हैं। यिल ने कहा कि यह टाइमिंग पर है, लेकिन मेरा मानना है कि अगर किम यो जोंग को लगता है कि उनके पास सुप्रीम लीडर बनने का मौका है तो वे इसे ले लेंगी।
किम यो जोंग कौन हैं ?
किम यो जोंग को उत्तर कोरिया में अपने भाई पर मजबूत असर रखने वाली हस्ती माना जाता है। उन्होंने उत्तर कोरिया के अंदर और बाहर अफनी डरावनी छवि बनाई है। वह अपने तीखे तेवर के लिए जानी जाती हैं और लगातार अपने नाम से बयान जारी करती हैं। साल 2022 में उन्होंने दक्षिण कोरिया के रक्षा मंत्री को खुली धमकी दी थी। किम यो ने एक बयान में दक्षिण कोरियाई रक्षा मंत्री को बेवकूफ और घटिया आदमी कहा। उन्होंने कहा था कि दक्षिण कोरिया को अपने रक्षा मंत्री की लापरवाही भरी टिप्पणियों के कारण गंभीर खतरे का सामना करना पड़ सकता है।
खुफिया रिपोर्टों के आकलन से पता चलता है कि किम जोंग उन की अचानक मौत होती है कि उनके संभावित उत्तराधिकारियों के बीच सत्ता संघर्ष छिड़ सकता है। एक अमेरिकी थिंक टैंक के बीते दिसम्बर में किए गए विश्लेषण से पता चलता है कि वर्तमान में किम जोंग उन की अचानक मौत या गंभीर बीमारी की स्थिति होती है तो किम यो जोंग के सफल होने की संभावना ज्यादा है।













