स्टारमर ने दी सफाई
स्टारमर ने सफाई में कहा कि लेबर सरकार अवैध रोजगार पर नकेल कसने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने यह साफ किया कि जांच अनिवार्य होगी, हालांकि डिजिटल ID का खास रूप लचीला होगा। उन्होंने सांसदों से कहा, “मैं इस देश में लोगों के लिए अवैध रूप से काम करना मुश्किल बनाने के लिए दृढ़ हूं, और इसीलिए जांच होगी। वे डिजिटल होंगी, और वे अनिवार्य होंगी।”
स्टारमर ने कामसूत्र का जिक्र क्यों किया
स्टारमर ने इस बहस का इस्तेमाल पिछली कंजर्वेटिव सरकार पर निशाना साधने के लिए भी किया। उन्होंने कंजर्वेटिव पार्टी की सरकार के दौरान बार-बार नेतृत्व परिवर्तन पर तंज कसा। कीर स्टारमर ने कहा, “पिछले 14 सालों में, उनके पास पांच प्रधानमंत्री, छह चांसलर, आठ गृह सचिव और 16 आवास मंत्री रहे हैं।” उन्होंने कहा, “14 सालों में उनके पास कामसूत्र से ज्यादा पोजिशन थीं। कोई हैरानी की बात नहीं कि वे थक गए हैं और उन्होंने देश को बर्बाद कर दिया है।”
डिजिटल ID योजना क्या है
डिजिटल ID योजना को पहली बार सितंबर 2025 में प्रस्तावित किया गया था। यह योजना ब्रिटेन में काम करने के अधिकार को वेरिफाई करने के लिए डिजाइन की गई थी। शुरू में इसे अनिवार्य बनाने का इरादा था, लेकिन इस प्रस्ताव का राजनीतिक विरोधियों और जनता के कुछ हिस्सों से व्यापक विरोध हुआ। उन्होंने मजदूरों की प्राइवेसी को लेकर चिंता जताई। आलोचकों ने चेतावनी दी है कि यह योजना वैक्सीनेशन, कार्बन फुटप्रिंट को ट्रैक कर सकती है, और यात्रा और जरूरी सेवाओं तक पहुंच को सीमित कर सकती है।
विपक्षी दलों ने क्या प्रतिक्रिया दी
कंजर्वेटिव नेता केमी बैडेनोच ने इस प्रस्ताव को “बेकार पॉलिसी” कहा और इसे वापस लेने का स्वागत किया। विपक्षी पार्टियों ने इस कदम को सरकार की नाकामी का सबूत बताया और कहा कि लेबर पार्टी ने जुलाई 2024 में सत्ता में आने के बाद से पहले ही कई पॉलिसियों को पलट दिया है। रिफॉर्म UK के नेता निगेल फराज ने इस फैसले को “व्यक्तिगत स्वतंत्रता की जीत” बताया और वादा किया कि अगर उनकी पार्टी सत्ता में वापस आती है तो वह डिजिटल ID को पूरी तरह से खत्म कर देंगे।













