गिलेस्पी इससे पहले भी सोशल मीडिया पर पाकिस्तान के हेड कोच के तौर पर अपने कार्यकाल के बारे में ट्वीट करके विवाद में फंस चुके हैं। उन्होंने तब भी कहा था कि 9 महीने के कार्यकाल में उन्हें पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड से कई तरह के अपमान का सामना करना पड़ा था और उनका पूरा पैसा भी अब तक नहीं दिया गया है।
पहले ट्वीट किया और फिर उसे डिलीट किया
बांग्लादेश क्रिकेट टीम को आईसीसी ने दो दिन पहले टी20 वर्ल्ड कप 2026 से बाहर कर दिया है। उसकी जगह स्कॉटलैंड को अगले महीने 7 फरवरी से शुरू हो रहे टूर्नामेंट में खेलने के लिए शामिल किया गया है। यह फैसला बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड के भारत में अपने मैच नहीं खेलने पर अड़े रहने के बाद किया गया है। आईसीसी के फैसले के बाद गिलेस्पी ने ट्वीट में आईसीसी की निर्णय लेने की प्रक्रिया पर सवाल उठाए थे। गिलेस्पी ने ट्वीट में कहा था,’आईसीसी की तरफ से कोई स्पष्टीकरण दिया गया है कि बांग्लादेश अपने मैच भारत से बाहर क्यों नहीं खेल सकता है? मेरी याद में भारत ने पाकिस्तान में चैंपियंस ट्रॉफी मैच खेलने से इंकार किया था और उन्हें अपने मुकाबले पाकिस्तान के बाहर खेलने की इजाजत दी गई थी। क्या इसका कोई मतलब है?’
गिलेस्पी के इस पोस्ट पर अपमानजनक कमेंट्स की आ गई थी बाढ़
50 साल के गिलेस्पी के इस ट्वीट पर उन्हें बेहद अपमानजनक और भड़काऊ कमेंट्स का सामना करना पड़ा। इसके बाद उन्होंने इस ट्वीट को डिलीट कर दिया था। पाकिस्तान के एक सोशल मीडिया यूजर ने उनसे इस ट्व़ीट को डिलीट करने का कारण जानना चाहा तो उन्होंने जवाब में लिखा,’क्योंकि, मुझे एक साधारण सवाल पूछने पर भी गालियां सुननी पड़ी हैं। इस कारण ट्वीट डिलीट किया है।’
आईसीसी ने स्पष्ट किया था कारण, कहा था- समय कम है
हालांकि आईसीसी ने बांग्लादेश के मैच शिफ्ट करने की मांग के बाद स्पष्ट तौर पर इंकार किया था। इस इंकार के लिए आईसीसी ने कारण भी बताया था। आईसीसी ने कहा था कि टूर्नामेंट शुरू होने में महज तीन सप्ताह का ही समय बचा है। इतने कम समय में नए सिरे से मैचों के लिए लॉजिस्टिक से लेकर अन्य अरेंजमेंट कर पाना व्यवहारिक रूप से संभव नहीं है। साथ ही आईसीसी ने वर्ल्ड लेवल की एक एजेंसी से भारत में सुरक्षा खतरे को लेकर आकलन भी कराया था। उसमें बांग्लादेश को लेकर कोई खतरा नहीं होने की बात सामने आई थी। इसके बावजूद बांग्लादेश के अपनी मांग पर अड़े रहने के बाद उसे बाहर करके स्कॉटलैंड को शामिल करने का फैसला लिया गया है।














