नॉर्थ ईस्ट न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, बिलाल के 18-19 फरवरी को ढाका में रहने के दौरान अधिकारी उन्हें सुरक्षा दे रहे थे। अधिकारियों ने तुर्की की कंपनी असेलसन के बनाए वायरलेस इक्विपमेंट का इस्तेमाल ढाका में किया। रिपोर्ट में बताया गया है कि इसके लिए बांग्लादेश की सेना और विदेश मंत्रालय ने मंजूरी दी थी। असेलसन ए.एस. तुर्की की एक डिफेंस कंपनी है, जिसका मुख्यालय अंकारा में है।
तीन दिनों तक फ्रीक्वेंसी इस्तेमाल की इजाजत
रिपोर्ट में बताया गया है कि बिलाल के साथ आई तुर्की की टीम को तीन दिनों तक अपनी कम्युनिकेशन फ्रीक्वेंसी का इस्तेमाल करने की इजाजत दी गई। तुर्की की 11 सदस्यीय टीम रहमान के शपथ ग्रहण के एक दिन बाद 18 फरवरी को ढाका पहुंची थी। इस टीम में राष्ट्रपति एर्दोगन के बेटे बिलाल भी थे। ढाका पहुंचने पर इसे फ्री वीजा दिया गया था। टीम 20 फरवरी को टर्किश एयरलाइंस की फ्लाइट से रवाना होगी। इस टीम के साथ जर्मनी की वर्ल़्ड कर विजेता टीम के फुटबॉलर मेसुत ओजाल भी थे। ओजाल तुर्की मूल के हैं।
बिलाल की मौजूदगी का कट्टरपंथी कनेक्शन
ढाका में रेचेप तैयप एर्दोगन के बेटे की मौजूदगी ने एक तुर्की से बांग्लादेश की कट्टरपंथियों से कनेक्शन पर ध्यान खींचा है। ओजाल और बिलाल ने ढाका यूनिवर्सिटी में एक नए मेडिकल सेंटर का उद्घाटन किया है। यह सेंटर बांग्लादेश की कट्टरपंथी पार्टी जमात-ए-इस्लामी की स्टूडेंट विंग छात्र शिबिर से जुड़ा है, जिसे टर्किश कोऑपरेशन एंड कोऑर्डिनेशन एजेंसी (TIKA) ने फंड किया है।













