सूत्रों के अनुसार, अनुरूप गुप्ता दिल्ली स्थित छत्तीसगढ़ भवन में कैंटीन चलाते थे। उन्हें एक लड़की के जरिए हनी ट्रैप में फंसाया गया। उस लड़की ने अनुरूप को मिलने के बहाने बिंदापुर बुलाया। वहां पहले से ही उस लड़की के कई साथी मौजूद थे, जिन्होंने अनुरूप को बंधक बनाकर जमकर पीटा। इसके बाद उनसे गोल्ड की जूलरी और कैश लूट लिया। इसके बाद आरोपियों ने बैंक अकाउंट से मोटी रकम ट्रांसफर करने का भी प्रेशर बनाया।
नदी में बहा दिए शव के टुकड़े
ट्रांजैक्शन में फेल होने और डर के कारण आरोपी उनका अपहरण करके उन्हें उत्तर प्रदेश के मथुरा ले गए। वहां उनकी हत्या करने के बाद शव को टुकड़ो में काटकर नदी में बहा दिया।
अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश
जॉइंट सीपी जतिन नरवाल ने बताया कि पुलिस ने इस मामले में शामिल सभी आरोपियों की पहचान कर ली है। एक को गिरफ्तार कर लिया गया है। अन्य की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है। बिंदापुर थाने में दर्ज गुमशुदगी की जांच करते हुए पुलिस जब जांच करती हुई मथुरा पहुंची, तो वहां नदी से अनुरूप के शव के टुकड़े बरामद हुए। रविवार शाम विडियोग्राफी के साथ शव का पोस्टमॉर्टम कराया गया, जिसके बाद परिजन शव लेकर दिल्ली रवाना हो गए।














