सीएपीएफ को सबसे बड़ा हिस्सा
गृह मंत्रालय के कुल बजट में से 1,73,802 करोड़ रुपये पुलिस मद में दिए गए हैं। इससे CRPF, BSF और ITBP जैसी केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों को मजबूत किया जाएगा।पाकिस्तान, बांग्लादेश, चीन और म्यांमार से लगती सीमाओं पर फेंसिंग, एंटी ड्रोन सिस्टम और आधुनिक निगरानी उपकरण लगाए जाएंगे। नक्सलवाद खत्म करने में अहम भूमिका निभा रही CRPF को 38,517 करोड़ रुपये मिले हैं, जो पिछली बार से 3,370 करोड़ रुपये ज्यादा है। बीएसएफ को 29,567 करोड़ रुपये दिए गए हैं।
आईबी पर खास फोकस
खुफिया एजेंसी इंटेलिजेंस ब्यूरो को 6,782 करोड़ रुपये दिए गए है, जो पिछले बजट से 2,889 करोड़ रुपये अधिक है। बजट में दिल्ली पुलिस को और सशक्त बनाने के लिए अधिक पैसा पैसा दिया दिया गया है। दिल्ली पुलिस का बजट 11,931 करोड़ से बढ़ाकर 12,503 करोड़ रुपये किया गया है। वहीं जम्मू-कश्मीर पुलिस को 9,925 करोड़ रुपये मिले है, जो पिछले साल से 600 करोड़ रुपये ज्यादा है। बजट में एसपीजी के बजट में भी 10 करोड़ रुपये की बढ़ोतरी की गई है।
घुसपैठ रोकने की कोशिश
बजट में गृह मंत्रालय को ज्यादा फंड देकर देश की आतंरिक और बॉर्डर सुरक्षा को मजबूत करने पर जोर दिया गया है। घुसपैठ रोकने और ऑपरेशन सिंदूर के बाद संदिग्ध ड्रोन को गिराने के लिए बॉर्डर पर एंटी ड्रोन सिस्टम लगाए जा रहे है। सुरक्षा को और मजबूत करने के लिए सरकार गंभीर है।













