आइए 5 पॉइंट्स में आपको समझाते हैं कि फिलहाल इस मामले में क्या चल रहा है-
1. ऑस्ट्रेलिया के साथ ही कोलंबो जाएगा पाकिस्तान
पाकिस्तान की टीम कोलंबो के लिए ऑस्ट्रेलिया के साथ ही रवाना होगी। टेलिकॉम एशिया स्पोर्ट की रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तान टीम की फ्लाइट लाहौर से कोलंबो के लिए उड़ेगी। पीसीबी ने अपनी टीम के टिकट बुक करा लिए हैं। एयर लंका की इसी फ्लाइट से ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट टीम भी कोलंबो जा रही है। ऑस्ट्रेलियाई टीम टी20 वर्ल्ड कप 2026 की तैयारी के लिए फिलहाल पाकिस्तान में है, जहां वो 3 मैच की टी20 सीरीज खेलेगी। इसका पहला मैच आज (29 मार्च) को होना है।
2. राष्ट्रपति से लेकर सेना तक ने दी नकवी को सलाह
नकवी ने सोमवार को पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शाहबाज शरीफ से बॉयकॉट के मुद्दे पर सलाह लेने के लिए मीटिंग की थी। इस मीटिंग के बाद फैसला शुक्रवार या अगले सोमवार तक लेने की घोषणा की गई थी। टेलीकॉमएशिया स्पोर्ट की रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से दावा किया गया है कि इस मीटिंग में शरीफ ने नकवी को टूर्नामेंट का बॉयकॉट नहीं करने और किसी अन्य तरीके से बांग्लादेश का समर्थन करने की सलाह दी है। इसके बाद नकवी कई लोगों से सलाह ले चुके हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, नकवी ने पाकिस्तान के राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी और पाकिस्तानी सेना से सलाह ली है। इसके बाद उन्होंने पीसीबी के दो पूर्व चेयरमैन नजम सेठी और रमीज राजा से भी सलाह ली है। इन सभी ने उन्हें अपनी टीम को श्रीलंका भेजने की सलाह दी है।
3. भारत के खिलाफ मैच का बॉयकॉट नहीं करने की सलाह
रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि राष्ट्रपति से लेकर रमीज राजा तक ने नकवी को भारत के खिलाफ मैच का बॉयकॉट नहीं करने की भी सलाह दी है। दरअसल इससे पहले जियो न्यूज की रिपोर्ट में पीसीबी के चार विकल्पों पर विचार करने की बात कही गई थी। इन विकल्पों में टी20 वर्ल्ड कप 2026 का पूरी तरह बॉयकॉट करना, केवल भारत के खिलाफ होने वाले मैच का बॉयकॉट करना, टूर्नामेंट के दौरान बांग्लादेश के समर्थन में बाजू पर काली पट्टी बांधना और अपनी हर जीत बांग्लादेश को समर्पित करना शामिल है।
4. आईसीसी से काली पट्टी बांधने की मांग सकता है अनुमति
कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में बुधवार को यह दावा किया गया था कि पाकिस्तान टी20 वर्ल्ड कप 2026 का बॉयकॉट नहीं करेगा, लेकिन बांग्लादेश के लिए अपना समर्थन दिखाएगा। इसके लिए पाकिस्तान की तरफ से आईसीसी को पत्र लिखकर मैचों के दौरान काली पट्टी बाजू पर बांधने की इजाजत मांगी जा सकती है। यह खबर तब आई थी, जब कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में आईसीसी की तरफ से बांग्लादेश को खेलने के लिए तैयार रहने को कहे जाने का दावा किया गया था। दावा है कि यदि पाकिस्तान ने बॉयकॉट किया तो बांग्लादेश को उसकी जगह अपने सारे मैच श्रीलंका में खेलने का मौका मिल सकता है।
5. राजनीतिक संकेत से लेकर आर्थिक नुकसान तक का खतरा
पाकिस्तान के टी20 वर्ल्ड कप 2026 का बॉयकॉट करने पर उसके लिए कई मुश्किल पैदा हो सकती है। उसका यह कदम खेल में राजनीतिक हस्तक्षेप मानकर आईसीसी उस पर बैन लगा सकती है। इसके बाद वह आईसीसी टूर्नामेंट्स में भाग नहीं ले पाएगा। साथ ही द्विपक्षीय सीरीज भी नहीं खेल पाएगा यानी वैश्विक क्रिकेट में अलग-थलग हो जाएगा। साथ ही आईसीसी उसे हर साल अपने रेवेन्यू में जो करीब 340 करोड़ रुपये की हिस्सेदारी देती है, वो भी बंद कर देगी। इतना ही नहीं पाकिस्तान सुपर लीग में विदेशी खिलाड़ियों को खेलने के लिए एनओसी नहीं देने की चेतावनी भी आईसीसी दे चुकी है। साथ ही टी20 वर्ल्ड कप 2026 के ब्रॉडकास्टर की तरफ से करीब 348 करोड़ रुपये का मुआवजा मांगने के लिए पीसीबी पर मुकदमा ठोका जा सकता है। उस पर पार्टिसिपेशन एग्रीमेंट को तोड़ने का आरोप लगाया जा सकता है।













