रावी का अतिरिक्त पानी नहीं जाएगा
जम्मू और कश्मीर के जल संसाधन मंत्री जावेद अहमद राणा ने कहा है कि पंजाब सीमा पर बन रहा शाहपुर कुंडी डैम 31 मार्च,2026 तक तैयार हो जाएगा। इसके साथ ही रावी का अतिरिक्त पानी पाकिस्तान की ओर जाना पुरी तरह से बंद हो जाएगा। राणा के मुताबिक, ‘हां,पाकिस्तान की ओर अतिरिक्त पानी (रावी नदी का) बहना रुक जाएगा। इसे रुकना ही है।’ मंत्री ने एक टीवी चैनल के सवाल के जवाब में यह कहा है।
सूखा-ग्रस्त जिलों को रावी का पानी
जावेद अहमद राणा का कहना है कि ‘कठुआ और सांबा जिले सूखा-प्रभावित क्षेत्र हैं, और यह प्रोजेक्ट हमारी प्राथमिकता है, जिसका कांडी इलाके में निर्माण हो रहा है।’ शाहपुर कंडी बैराज एक नेशनल प्रोजेक्ट है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दखल से इसे चार साल बाद संशोधित किया गया। पीएम मोदी ने जम्मू क्षेत्र में नदियों के पानी के भरपूर इस्तेमाल के लिए हाइड्रोइलेक्ट्रिक प्रोजेक्ट को बहुत ज्यादा गति दी है।
चिनाब नदी पर चार प्रोजेक्ट में भी तेजी
पहलगाम की बैसरन घाटी में आतंकवादी हमले के बाद भारत ने जम्मू और कश्मीर में चिनाब नदी पर बन चल रही चार पनविद्युत परिजयोजनाओं में भी काफी प्रगति दर्ज की है। ये सारे प्रोजेक्ट साल 2027-28 तक तैयार होने वाले हैं। 6 दिसंबर, 2018 को पीएम मोदी की अगुवाई में उनकी कैबिनेट ने शाहपुर कंडी प्रोजेक्ट के लिए 485.38 करोड़ रुपये की केंद्रीय सहायता मंजूर की थी।
पंजाब और जम्मू-कश्मीर को मिलेगा पानी
शाहपुर कंडी प्रोजेक्ट के शुरू होने के बाद पंजाब में 5,000 हेक्टेयर और जम्मू और कश्मीर के कठुआ और सांबा जिले में 32,173 हेक्टेयर जमीन पर सिंचाई सुनिश्चित होगी। इस प्रोजेक्ट के शुरू होने से रावी नदी का जो पानी बिना मतलब पाकिस्तान की ओर बह जाता है, वह अपने देश में इस्तेमाल के काम आएगा। इस प्रोजेक्ट से पंजाब को 206 मेगावाट अतिरिक्त बिजली भी मिलेगी।













