पाकिस्तान सोमवार तक लेगा बॉयकॉट पर फैसला
पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के टी20 वर्ल्ड कप का बॉयकॉट करने पर विचार करने की चर्चा चल रही है। पीसीबी चेयरमैन मोहसिन नकवी ने अपने देश के प्रधानमंत्री शाहबाज शरीफ के साथ इसे लेकर सोमवार शाम को मीटिंग होने की जानकारी भी अपने सोशल मीडिया हैंडल पर शेयर की है। नकवी ने कहा है कि इस मीटिंग में तय हुआ है कि सारे विकल्पों को देखा जाएगा और आखिरी फैसले की घोषणा शुक्रवार (30 जनवरी) या सोमवार (2 फरवरी) तक की जाएगी। लेकिन यदि पाकिस्तान ऐसा करता है तो उसके ऊपर आईसीसी की तरफ से कई तरह के प्रतिबंधों का खतरा मंडराने लगेगा, जिसकी चेतावनी उसे पहले ही दी जा चुकी है।
पाकिस्तान मीडिया ने बताए हैं तीन विकल्प
पाकिस्तान मीडिया में सोमवार को आई रिपोर्ट्स में कहा गया है कि पीसीबी बांग्लादेश के साथ एकजुटता दिखाने के लिए कोई कदम उठा सकता है। इन कदमों में पाकिस्तान के पूरी टूर्नामेंट का बॉयकॉट करने, सभी मैचों में काली पट्टी पहनने, टूर्नामेंट की हर जीत बांग्लादेश क्रिकेट को समर्पित करने या भारत के खिलाफ 15 फरवरी को होने वाले अहम मैच से नाम वापस लेने में से कोई एक हो सकता है।
पाकिस्तान के सामने कोई भी कदम उठाने पर है मुश्किल
यदि पाकिस्तान पूरे टूर्नामेंट का बॉयकॉट करता है तो उसके लिए मुश्किल हो सकती है। उसे आईसीसी के साथ टी20 वर्ल्ड कप को लेकर किए पार्टिसिपेशन एग्रीमेंट को तोड़ने को लेकर कानूनी कार्रवाई से द्विपक्षीय प्रतिबंध और रेवेन्यू शेयरिंग पर रोक तक की कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है। इनमें से हर कदम पहले ही आर्थिक संकट में फंसी पाकिस्तान क्रिकेट पर भारी पड़ जाएगा।
यदि केवल भारत के खिलाफ मैच का बॉयकॉट किया तो?
यदि पाकिस्तान केवल भारत के खिलाफ कोलंबो में होने वाले मैच का बॉयकॉट करता है तो भी उसे मुश्किल होगी। रेवस्पोर्ट्ज की रिपोर्ट के मुताबिक, पीसीबी पर टूर्नामेंट ब्रॉडकास्टर मुकदमा कर सकता है। ग्रुप-ए के इस अहम मैच में मुआवजे के तौर पर ब्रॉडकास्टर पीसीबी से करीब 38 मिलियन डॉलर यानी करीब 348 करोड़ रुपये का मुआवजा मांग सकता है। यह नुकसान ब्रॉडकास्टर को विज्ञापन स्लॉट, ब्रांडेड शो और स्पॉन्सरशिप फीस में होगा। ब्रॉडकास्टर इस नुकसान के लिए पाकिस्तान को जिम्मेदार ठहराते हुए पार्टिसिपेशन एग्रीमेंट के क्लॉजेज के आधार पर उससे यह मुआवजा मांग सकता है। इस पैसे को आईसीसी भी पाकिस्तान को हर साल मिलने वाले रेवेन्यू से काटकर ब्रॉडकास्टर को दे सकती है। ऐसी स्थिति में भी पाकिस्तान के लिए आर्थिक मुश्किलें खड़ी हो जाएंगी।













