जियो टीवी की रिपोर्ट के मुताबिक, नेशनल असेंबली के स्पीकर सरदार अयाज सादिक ने गुरुवार को कहा कि ढाका में भारतीय विदेश मंत्री डॉक्टर एस. जयशंकर ने ही उनसे आकर मुलाकात की। उन्होंने कहा, ‘ जयशंकर के नेतृत्व में भारतीय प्रतिनिधिमंडल संसद के वेटिंग रूम में दाखिल हुआ। रूम में पाकिस्तान के अलावा मालदीव, नेपाल, भूटान और बांग्लादेशी अधिकारी पहले से मौजूद थे।’
मेरे पास आकर हाथ मिलाया
सादिक ने आगे कहा, ‘ जयशंकर ने रूम में आने के बाद दूसरे प्रतिनिधिमंडलों को हैलो किया और फिर मेरे पास आकर हाथ मिलाया। उस वक्त मैं बांग्लादेश में पाकिस्तान के हाई कमिश्नर से बात कर रहा था। तभी मेरे पास आकर उन्होंने अपना परिचय दिया। मैं अपना परिचय देने लगा तो उन्होंने कहा कि मैं आपको पहचानता हूं। आपको परिचय देने की जरूरत नहीं है।’
सादिक ने यह भी कहा जयशंकर कोई छुपकर मुझसे मिलने नहीं आए थे, वो जानते थे कि वह क्या कर रहे हैं। जयशंकर के साथ कैमरे थे, जिससे पता चलता है कि जयशंकर को पूरी जानकारी थी कि इस बातचीत को रिकॉर्ड किया जाएगा और मीडिया में रिपोर्ट किया जाएगा। उन्हें ठीक से पता था कि वह क्या कर रहे हैं और इसे मीडिया कवर करेगा।
जयशंकर होशियार नेता
पाकिस्तान की नेशनल असेंबली के स्पीकर ने कहा कि उन्हें लगा कि जब जयशंकर और वह हाथ मिला रहे थे तो कमरे में सभी की नजरें उनकी बातचीत पर ही लगी हुई थीं। अयाज सादिक ने जयशंकर को एक मंझा हुआ राजनेता बताया जो उस पल की अहमियत और उसके असर को बखूखी समझ रहे थे।












