‘यह भारत के साथ भी हो सकता है’
कांग्रेस नेता पृथ्वीराज चव्हाण का कहना है कि ‘वेनेजुएला में जो कुछ हुआ है, वह संयुक्त राष्ट्र चार्टर के खिलाफ है। एक चुने हुए राष्ट्रपति को अगवा किया गया। यह बहुत ही चिंता की बात है कि यह कल दुनिया में किसी भी देश के साथ हो सकता है। कल यह भारत के साथ भी हो सकता है।’ उनका कहना है कि ‘भारत ने सामान्य तरह से नहीं बोला है, वेनेजुएला के मामले में कोई स्टैंड नहीं लिया है। रूस और चीन ने स्टैंड लिया है और अमेरिका ने जो किया है, उसकी आलोचना की है। यूक्रेन युद्ध में भी यही हुआ। हमने किसी का पक्ष नहीं लिया। हमने इजरायल-हमास मामले में भी कोई स्टैंड नहीं लिया और अब हम यहां अमेरिकियों से इतने डरे हुए हैं कि जो हुआ है उसकी आलोचना की भी कोशिश नहीं कर रहे।’
‘प्रधानमंत्री को ट्रंप किडनैप करेंगे क्या’
इतना ही नहीं एक और इंटरव्यू में कांग्रेस नेता चव्हाण ने अमेरिका की ओर से भारत पर लगाए गए 50 प्रतिशत टैरिफ के बाद की परिस्थितियों पर भी बहुत भड़काऊ बयान दिए हैं। उन्होंने कहा है कि ‘अब सवाल ये है कि वेनेजुएला में जो हुआ क्या उस तरह का भारत में भी होगा? हमारे प्रधानमंत्री को ट्रंप साहब किडनैप करके ले जाएंगे क्या? बस यही बात बची है अब।’
‘बहुत ही गंभीर चिंता का मामला है’
दरअसल, वेनेजुएला में अमेरिकी सेना के घुसने और वहां के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस को जबरन अगवा करके अमेरिका ले जाने पर विदेश मंत्रालय ने अपनी प्रतिक्रिया में कहा है, ‘वेनेजुएला में अभी जो कुछ हुआ है, वह बहुत ही गंभीर चिंता का मामला है। हम पैदा हो रहे हालातों की गंभीरता से निगरानी कर रहे हैं।’ इस बयान में यह भी कहा गया कि ‘हम सभी संबंधित पक्षों से मामले को बातचीत के जरिए शांतिपूर्ण तरीके से समाधान की मांग करते हैं, जिससे क्षेत्र में शांति और स्थिरता स्थापित हो सके। काराकास में भारतीय दूतावास भारतीय समुदाय लोगों से संपर्क में है और हर संभव सहायता देना जारी रखेगा।’
ऑपरेशन सिंदूर पर विवादित बयान दिया
पृथ्वीराज चव्हाण हाल ही में ऑपरेशन सिंदूर के मामले में भी भारत को लेकर बहुत ही विवादास्पद बयान दे चुके हैं। पिछले साल दिसंबर में उन्होंने दावा किया था कि पाकिस्तान के खिलाफ चले ऑपरेशन सिंदूर के पहले दिन ही भारत हार गया था और चार दिनों के सैन्य संघर्ष के दौरान भारतीय विमानों को मारकर गिरा दिया गया था।














