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  • भारत पानी को हथियार बना रहा, पाकिस्तान ने UN मंच से रोया सिंधु जल संधि का रोना, बताया बड़ा खतरा

    इस्लामाबाद: सिंधु जल संधि पर भारत के रोक लगाने के फैसले को लेकर पाकिस्तान की तिलमिलाहट खत्म नहीं हो रही है। अब पाकिस्तान ने एक बार फिर सिंधु जल संधि का मुद्दा उठाया है। इस्लामाबाद ने कहा है कि संधि को निलंबित करने के भारत के फैसले ने पाकिस्तान की जल सुरक्षा और क्षेत्रीय स्थिरता


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    By Azad Hind Desk जनवरी 21, 2026
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    इस्लामाबाद: सिंधु जल संधि पर भारत के रोक लगाने के फैसले को लेकर पाकिस्तान की तिलमिलाहट खत्म नहीं हो रही है। अब पाकिस्तान ने एक बार फिर सिंधु जल संधि का मुद्दा उठाया है। इस्लामाबाद ने कहा है कि संधि को निलंबित करने के भारत के फैसले ने पाकिस्तान की जल सुरक्षा और क्षेत्रीय स्थिरता के लिए अभूतपूर्व संकट पैदा कर दिया है। संयुक्त राष्ट्र में पाकिस्तान के कार्यवाहक स्थायी प्रतिनिधि उस्मान जदून ने ग्लोबल वॉटर बैंकरप्सी पॉलिसी राउंडटेबल में बोलते हुए ये बात कही है। राउंडटेबल का आयोजन कनाडा के स्थायी मिशन और संयुक्त राष्ट्र यूनिवर्सिटी ने किया था।

    भारत पर लगाया आरोप

    पाकिस्तानी प्रतिनिधि ने कहा कि पिछले साल अप्रैल में लिए गए भारत के फैसले के बाद संधि का उल्लंघन किया गया। उन्होंने भारत पर जानबूझकर पानी को हथियार के रूप में इस्तेमाल करने का आरोप लगाया और कहा कि ‘सिंधु जल संधि पर पाकिस्तान का रुख बिल्कुल साफ है। संधि कानूनी रूप से बरकरार है और इसमें किसी भी एकतरफा निलंबन या बदलाव की अनुमति नहीं है।’

    उन्होंने सिंधु नदी को पाकिस्तान के लिए बहुत जरूरी बताया और कहा कि यह दुनिया की सबसे बड़ी सिंचाई प्रणालियों में से एक को बनाए रखती है। सिंधु नदी घाटी पाकिस्तान की 80% से अधिक कृषि जल आवश्यकताओं को पूरा करती है और 24 करोड़ से अधिक लोगों की जीवनरेखा बनी हुई है।

    भारत ने संधि पर लगाई रोक

    भारत ने पिछले साल अप्रैल में पहलगाम में पाकिस्तान से जुड़े आतंकवादियों के हमले के बाद संधि को निलंबित कर दिया था। इस आतंकी हमले में 26 नागरिक मारे गए थे। भारत ने साफ कहा था कि खून और पानी साथ नहीं बन सकते। संधि की स्थापना के बाद यह पहली बार था जब संधि को निलंबित किया गया। संधि के अनुसार, भारत को सिंधु नदी प्रणाली की पूर्वी नदियों, सतलुज, ब्यास और रावी के सभी पानी का बिना किसी रोक-टोक के इस्तेमाल करने की अनुमति है। वहीं, पाकिस्तान को पश्चिमी नदियों सिंधु, झेलम और चिनाब के पानी पर अनुमति मिली है।

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