‘तेजी से तैयार कर रहे एआई टैलंट’
एक मीडिया हाउस के कॉन्क्लेव (ref.) में शामिल हुईं निर्मला सीतारमण ने बताया कि भारत बहुत तेजी के साथ अपने एआई टैलंट को तैयार कर रहा है। ग्लोबल निवेशक, भारत को लेकर अपनी दिलचस्पी दिखा रहे हैं। उन्होंने कहा कि एआई के क्षेत्र में भारत की स्थिति को लेकर जो चिंताएं हैं वह सभी की राय नहीं है। यह कुछ फंड मैनेजरों की राय है। उनका अपना आकलन हो सकता है।
‘भारत को अलग तरह से देख रही दुनिया’
निर्मला सीतामरण ने कहा कि कुछ लोगों को छोड़ दें तो दुनिया, भारत को अलग तरह से देख रही है, इसीलिए बड़े फंड मैनेजर और जेपी मॉर्गन जैसी कंपनियों के ग्लोबल हेड भारत आ रहे हैं। उन्होंने यकीन दिलाया कि भारत, एआई के लिए एकदम सही जगह है। भारत में मीनिंगफुल यानी सार्थक एआई की कमी के दावों पर वित्त मंत्री ने कहा कि इन बातों का आधार ही गलत है। उन्होंने बताया कि हर देश के लिए एआई का अपना अलग कैलिब्रेशन होता है, यह ग्लोबल स्तर पर जरूरी एआई से अलग होता है। निर्मला सीतारमण ने कहा कि भारत की ताकत उसके लोगों में है।
‘देश में हाई-एंड टैलंट’
निर्मला सीतारमण ने कहा कि देश के पास ऐसा टैलंट है जो हाई-एंड है। आज स्कूल-कॉलेज के युवाओं को भी एआई का पूरा एक्सपोजर देने की कोशिश हाे रही है। वित्त मंत्री ने तर्क दिया कि भारत दुनिया के उन चुनिंदा देशाें में शामिल है जो एआई के हर स्तर के लिए अपने कर्मचारियों को तैयार कर रहा है। ग्लोबल स्तर पर नौकरियां देने वाली कंपनियों का भी यही मानना है, क्योंकि जब टैलेंटेड लोगों की तलाश की बात आती है, तो भारत की ओर देखा जाता है।













