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  • ​’राजपाल के जेल जाने से नाक ऊंची नहीं हुई’, कर्ज देने वाले माधव ने सुनाई 16 साल ग‍िड़ग‍िड़ाने की कहानी

    चेक बाउंस मामले में तिहाड़ जेल में बंद कमीडियन और दिग्गज एक्टर राजपाल यादव को दिल्ली हाई कोर्ट ने 18 मार्च तक अंतरिम जमानत दे दी है। इसी बीच, राजपाल यादव पर केस करने वाले मुरली प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड के मालिक माधव गोपाल अग्रवाल का एक इंटरव्यू भी खूब सुर्खियों में है जिसमें उन्होंने पहली


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    By Azad Hind Desk फरवरी 17, 2026
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    चेक बाउंस मामले में तिहाड़ जेल में बंद कमीडियन और दिग्गज एक्टर राजपाल यादव को दिल्ली हाई कोर्ट ने 18 मार्च तक अंतरिम जमानत दे दी है। इसी बीच, राजपाल यादव पर केस करने वाले मुरली प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड के मालिक माधव गोपाल अग्रवाल का एक इंटरव्यू भी खूब सुर्खियों में है जिसमें उन्होंने पहली बार मीडिया के सामने आकर सारी बातें खुलकर बताई हैं। उन्होंने बताया कि राजपाल यादव को क्यों दिए थे ये पैसे, किसके कहने पर दिए और उस समय उनके बीच क्या डील हुई थी।

    उन्होंने बताया कि साल 2010 में सांसद मिथिलेश कुमार कठेरिया के कहने पर राजपाल यादव को ‘अता पता लापता’ बनाने के लिए 5 करोड़ रुपये दिए थे। अब तक जो केवल राजपाल यादव का पक्ष जान रहे थे पहली बार उन्हें शिकायतकर्ता के हालात को समझने का मौका मिल रहा है। पहली बार उन्होंने मीडिया के सामने आकर अपना पक्ष रखा है।

    पैसे देने से मना करने के बाद राजपाल यादव की पत्नी राधा यादव मेसेज करने लगीं। इस वजह से मैं इमोशनल प्रेशर में आ गया और राजपाल यादव को पैसे दे दिए।
    माधव गोपाल अग्रवाल, कर्ज देने वाले बिजनसमैन

    माधव ने कहा- राजपाल यादव की पत्नी राधा यादव उन्हें मेसेज करने लगीं

    आइए जानते हैं माधव गोपाल अग्रवाल ने क्या कहा। माधव गोपाल अग्रवाल ने ‘न्यूज पिंच’ को दिए इंटरव्यू में बताया कि राजपाल यादव से उनकी मुलाकात सांसद मिथिलेश कुमार कठेरिया के जरिए हुई थी। उन्होंने बिजनेसमैन से कहा था कि हमारी फिल्म ‘अता पता लापता’ इतनी बन गई है और अगर अभी हमें कुछ पैसे नहीं मिले तो हम बर्बाद हो जाएंगे। पहले तो माधव गोपाल अग्रवाल ने पैसे देने से मना कर दिया था। उन्होंने बताया कि पैसे देने से मना करने के बाद राजपाल यादव की पत्नी राधा यादव उन्हें मेसेज करने लगीं। माधव ने बताया कि इस वजह से वो इमोशनल प्रेशर में आ गए थे और राजपाल यादव को पैसे दे दिए।

    बताया- अग्रीमेंट में क्या-क्या लिखा था

    उन्होंने बताया कि उस अग्रीमेंट पर क्या बातें लिखी गई थी। माधव गोपाल अग्रवाल ने बताया कि राजपाल के साथ हुए उस अग्रीमेंट में साफ शब्दों में लिखा हुआ है कि चाहे फिल्म चले या न चले, सेंसर बोर्ड से सर्टिफिकेट मिले या न मिले, आंधी आए चाहे तूफान हमारा उससे कोई लेना-देना नहीं, आप तय रकम तय समय पर हमें लौटाएंगे।

    अग्रीमेंट साइन करते वक्त इन्होंने पर्सनल गारंटी भी दी थी। ये सब मैं इसलिए बता रहा हूं क्योंकि हमने कई जगहों पर पढ़ा कि राजपाल यादव कह रहे हैं कि हमने उस फिल्म में इन्वेस्ट किया था। जब इन्वेस्ट करते हैं तब पर्सनल गारंटी नहीं दी जाती और न चेक दिए जाते हैं।
    माधव गोपाल अग्रवाल, बिजनसमैन

    ‘जब इन्वेस्ट करते हैं तब पर्सनल गारंटी नहीं दी जाती’

    माधव गोपाल ने पर्सनल गारंटी को लेकर भी बातें की। उन्होंने बताया कि अग्रीमेंट साइन करते वक्त इन्होंने पर्सनल गारंटी भी दी थी। माधव ने कहा, ‘ये सब मैं इसलिए बता रहा हूं क्योंकि हमने कई जगहों पर पढ़ा कि राजपाल यादव कह रहे हैं कि हमने उस फिल्म में इन्वेस्ट किया था। जब इन्वेस्ट करते हैं तब पर्सनल गारंटी नहीं दी जाती और न चेक दिए जाते हैं।’

    कुल तीन बार सप्लिमेंट्री एग्रीमेंट बने

    माधव गोपाल अग्रवाल ने इस बातचीत में ये भी बताया कि चेक जमा करने से पहले राजपाल यादव को उन्होंने कॉल किया। उन्होंने उनसे कहा कि अभी पैसे नहीं हैं। माधव गोपाल अग्रवाल ने सप्लीमेंट्री एग्रीमेंट बनवाए और राजपाल यादव से नए चेक लिए और ऐसा करते हुए कुल तीन बार सप्लिमेंट्री एग्रीमेंट बने।

    अमिताभ बच्चन ने ‘अता पता लापता’ का म्यूजिक लॉन्च किया

    माधव गोपाल ने कहा कि उन्हें न्यूज से पता लगा था कि अमिताभ बच्चन ने ‘अता पता लापता’ का म्यूजिक लॉन्च किया है। अग्रीमेंट के मुताबिक, राजपाल यादव को फिल्म बनने के बाद माधव गोपाल अग्रवाल को फिल्म के नेगेटिव और पैसे देने थे। ऐसे में माधव गोपाल अग्रवाल ने कोर्ट का रुख किया और फिल्म की रिलीज पर रोक लग गई। इसके बाद राजपाल यादव ने कहा कि जब तक फिल्म रिलीज नहीं होगी पैसे नहीं दे पाएंगे। फिर माधव गोपाल अग्रवाल ने सेटलमेंट किया और फिल्म की रिलीज पर लगी रोक हटवा दी। हालांकि, ये और बात है कि फिल्म बॉक्स ऑफिस पर बुरी तरह फेल हो गई।

    एग्रीमेंट के मुताबिक, राजपाल यादव को हमें बहुत ज्यादा पैसे देने थे, लेकिन दिल्ली हाई कोर्ट के कहने पर हमने 10.40 करोड़ पर सेटलमेंट कर लिया। राजपाल यादव ने कोर्ट में 10.40 करोड़ के चेक जमा किए और वो सारे के सारे चेक बाउंस हो गए।
    माधव गोपाल अग्रवाल, बिजनसमैन

    दिल्ली हाई कोर्ट के कहने पर हमने 10.40 करोड़ पर सेटलमेंट कर लिया

    साल 2013 तक जब इस मामले में कोई रास्ता नहीं मिला तो माधव गोपाल अग्रवाल ने कोर्ट का रुख किया। एग्रीमेंट के मुताबिक, राजपाल यादव को हमें बहुत ज्यादा पैसे देने थे, लेकिन दिल्ली हाई कोर्ट के कहने पर हमने 10.40 करोड़ पर सेटलमेंट कर लिया। राजपाल यादव ने कोर्ट में 10.40 करोड़ के चेक जमा किए और वो सारे के सारे चेक बाउंस हो गए।

    शुरुआत में जब कोर्ट में मामला नहीं गया था तब मैं इनके घर भी गया था। दो बार तो मैं बच्चों की तरह रोया हूं इनके सामने। हम न इतने बड़े आदमी हैं और न इतने पैसे वाले हैं। हमने तो इनकी मदद ये सोचकर कर दी थी कि एक्टर हैं पैसे मिल जाएंगे। मैं इनके सामने में गिड़गिड़ाया कि जो डेट कहोगे उस डेट का सप्लीमेंट्री एग्रीमेंट बनवाऊंगा।
    माधव गोपाल अग्रवाल, ब‍िजनसमैन

    कहा- दो बार तो मैं बच्चों की तरह रोया हूं इनके सामने

    माधव गोपाल अग्रवाल ने अपनी हालात को बताते हुए कहा कि उन्हें एक्टर के घर जाकर गिड़गिड़ाना पड़ा था। उन्होंने अपने इस इंटरव्यू में कहा, ‘शुरुआत में जब कोर्ट में मामला नहीं गया था तब मैं इनके घर भी गया था। दो बार तो मैं बच्चों की तरह रोया हूं इनके सामने। हम न इतने बड़े आदमी हैं और न इतने पैसे वाले हैं। हमने तो इनकी मदद ये सोचकर कर दी थी कि एक्टर हैं पैसे मिल जाएंगे। मैं इनके सामने में गिड़गिड़ाया कि जो डेट कहोगे उस डेट का सप्लीमेंट्री एग्रीमेंट बनवाऊंगा। मैंने भी लोगों से पैसे लेकर आपको दिए हैं। इन्होंने हर बार यही कहा कि इस बार चेक बाउंस नहीं होंगे।’

    ‘राजपाल यादव के जेल जाने से हमारी नाक ऊंची नहीं हुई’

    हालांकि, माधव गोपाल अग्रवाल ने ये भी कहा कि राजपाल यादव के जेल जाने से हमारी नाक ऊंची नहीं हुई। उन्होंने कहा, ‘हमारा तो बिजनेस है। हमें तो पैसे चाहिए। अब कोर्ट की वो प्रक्रिया है तो कुछ कर नहीं सकते।’

    राजपाल यादव को 1.5 करोड़ रुपए के डिमांड ड्राफ्ट भरा

    यहां बता दें कि कोर्ट ने राजपाल यादव को 1.5 करोड़ रुपए के डिमांड ड्राफ्ट भरने के बाद एक्टर को अंतरिम जमानत दे दी। दरअसल, राजपाल यादव ने शाहजहांपुर में अपनी भतीजी की शादी में शामिल होने के लिए जमानत के लिए याचिका डाली थी। कोर्ट ने जमानत याचिका पर सुनवाई करते हुए एक्टर को अंतरिम जमानत दी है।

    मामले पर अगली सुनवाई 18 मार्च को होगी

    राजपाल यादव के वकील ने हाईकोर्ट को जानकारी दी कि उन्होंने 1.5 करोड़ की डीडी जमा करा दी है। इसके साथ कोर्ट ने आदेश दिए हैं कि एक्टर को पासपोर्ट कोर्ट में सरेंडर करना होगा और मामले पर अगली सुनवाई 18 मार्च को होगी।

    सोनू सूद ने कहा- दुआओं में बड़ा असर होता है

    कोर्ट की इस सुनवाई से पहले सुबह ही एक्टर सोनू सूद ने प्रार्थना की थी और अब कोर्ट के फैसले से एक्टर खुश भी हैं। उनका कहना है कि जल्द देशवासियों को खुशखबरी मिलने वाली है। कोर्ट के फैसले के बाद सोनू सूद ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, ‘दुआओं में बड़ा असर होता है, जल्द अच्छी खबर देते हैं। आपकी प्रार्थनाओं और अटूट सपोर्ट के कारण, इंतजार लगभग खत्म हो गया है। तैयार हो जाइए, वो हंसी जो आपको बहुत याद आ रही थी, अब पर्दे पर लौटने वाली है। देखते रहि

    राजपाल यादव को कइयों ने की मदद

    बता दें कि राजपाल यादव को तिहाड़ जेल से बाहर निकालने के लिए मदद की मुहिम सोनू सूद ने ही सोशल मीडिया के जरिए चलाई थी और स्टार्स और राजनेताओं ने सपोर्ट भी किया था। बिहार की जनशक्ति जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष तेजप्रताप यादव ने 11 लाख रुपए की मदद का ऐलान किया था। म्यूजिक प्रड्यूसर इंद्रजीत सिंह ने 1.11 करोड़ और फिरोजाबाद में तैनात एएसपी अनुज चौधरी ने 51 हजार की मदद की थी।

    बिजनेसमैन पर हाई कोर्ट ने लगाया था 25 हजार रुपये का जुर्माना

    उन्होंने आउट ऑफ कोर्ट सेटलमेंट को लेकर भी कुछ बातें कही हैं। उन्होंने बताया कि दिल्ली हाई कोर्ट में एक मीडिएशन हुआ जिसमें उन्होंने कहा कि मीडिएशन में यहां तक कहा गया था कि भाई वन टाइम अगर पैसा दे दे तो हम सब कुछ काफी कुछ भूलने को तैयार हैं। इसपर उन्होंने कहा कि वन टाइम पैसा तो नहीं दे पाएंगे। इसपर न्यायालय ने कहा कि किश्तों में तो आप कई बार दे चुके हैं। कई बार चार-चार तीन-तीन सप्लीमेंट्री एग्रीमेंट हो चुके हैं, ओरिजिनल एग्रीमेंट हो चुका है। उसके बाद दिल्ली हाईकोर्ट में सेटलमेंट इनके कहने से हुआ। तो बल्कि दिल्ली हाई कोर्ट में जब सेटलमेंट हुआ था तो हमने सेटलमेंट कर लिया तो दिल्ली हाई कोर्ट ने हम पर ₹25,000 का जुर्माना लगाया। कोर्ट ने कहा कि आप बिना कोर्ट की मर्जी से कैसे सेटलमेंट कर सकते हैं। उन्होंने कहा, ‘मैंने ₹25,000 वो जुर्माना भरा… दिल्ली हाईकोर्ट में कि आप कर सकते हैं लेकिन बिना कोर्ट की इजाजत के नहीं कर सकते।’

    अब आज 12% से के हिसाब से 5 करोड़ के 25 करोड़ बन रहे हैं। हम तो शुरू से ही कम के कम्प्रोमाइज वाले एटीट्यूड में रहे। तो हमारा उनका जेल जाने से हमें कोई खुशी नहीं है और लेकिन कानून अपना काम कर रहा है।
    माधव गोपाल अग्रवाल , राजपाल यादव को कर्ज देने वाले बिजनेसमैन

    ‘12% के दर से 5 करोड़ के आज 25 करोड़ बन रहे हैं’

    माधव गोपाल अग्रवाल ने अपनी इस कानूनी लड़ाई पर कहा, ‘हम तो कोर्ट में 15 साल से एक ही लड़ाई लड़ रहे हैं जज साहब के सामने कि साहब हमें हमारे पैसे दिलवा दे। पैसे की बात भी मैंने बता दी। अब आज 12% से के हिसाब से 5 करोड़ के 25 करोड़ बन रहे हैं। हम तो शुरू से ही कम के कम्प्रोमाइज वाले एटीट्यूड में रहे। तो हमारा उनका जेल जाने से हमें कोई खुशी नहीं है और लेकिन कानून अपना काम कर रहा है। अगर मैं भी गलत होता तो मतलब वो चीज अलग है। उस पे मेरी मैं क्या कह सकता हूं?’

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