जेम ट्यून्स म्यूजिक के मालिक और संगीत निर्माता राव इंद्रजीत यादव ने राजपाल यादव को 1.11 करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की है। यह सहायता ऐसे समय में दी गई है जब एक्टर एक लंबे समय से चल रहे कानूनी विवाद के कारण बढ़ते दबाव का सामना कर रहे हैं। अपने इस डिसीजन के बारे में राव इंद्रजीत सिंह यादव ने IANS को बताया, ‘राजपाल जी ने दर्शकों को अपार खुशी दी है और भारतीय सिनेमा का अभिन्न अंग रहे हैं। यह सहायता पैसे के बारे में नहीं है, बल्कि एक साथी के मुश्किल समय में उसके साथ खड़े होने के बारे में है। हमारी इंडस्ट्री एक परिवार है, और परिवार सबसे कठिन समय में एक-दूसरे का सहारा बनते हैं।’
राव इंद्रजीत सिंह यादव और ईडी की जांच
इससे पहले, ईडी ने बताया था कि उसने राव इंद्रजीत यादव के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग मामले में दिल्ली और हरियाणा के गुरुग्राम और रोहतक में दस जगहों पर छापेमारी की है। उनका कहना था कि राव इंद्रजीत UAE भाग गए हैं। तलाशी अभियान में पांच लग्जरी कारें, बैंक लॉकर, 17 लाख रुपये नकद, कई आपत्तिजनक दस्तावेज, डिजिटल उपकरण और उनके लोगों से संबंधित डिजिटल डेटा जब्त किए गए।
कौन हैं राव इंद्रजीत सिंह यादव ?
राव इंद्रजीत यादव जेम रिकॉर्ड्स एंटरटेनमेंट प्राइवेट लिमिटेड नाम की म्यूजिक कंपनी के मालिक हैं, जिसका संचालन ‘जेम्स ट्यून्स’ के नाम से किया जाता है। राव इंद्रजीत यादव द्वारा 2006 में लॉन्च किया ‘जेम्स ट्यून्स’ एक वीडियो-ऑन-डिमांड (ओटीटी) प्लेटफॉर्म है जो हरियाणवी, पंजाबी और हिंदी में क्षेत्रीय गानों को बनाता है।
राव इंद्रजीत सिंह यादव पर संगीन आरोप
इंस्टाग्राम पर उनके 12 लाख से अधिक फॉलोअर्स हैं। वह बॉलीवुड हस्तियों के साथ तस्वीरें भी पोस्ट करते रहते हैं। राव इंद्रजीत यादव हत्या, जबरन वसूली, निजी वित्तदाताओं के जबरन कर्ज निपटाने, धोखाधड़ी, जालसाजी, अवैध भूमि हड़पने और हिंसक अपराधों जैसी आपराधिक गतिविधियों में शामिल रहे हैं। ईडी ने बताया कि यादव ‘एक दबंग और गुंडे’ के रूप में काम करते थे।
राव इंद्रजीत सिंह यादव की क्रिमिनल हिस्ट्री
- दिसंबर 2024 में, रोहतक में एक फाइनेंसर, मनजीत दिघल की हत्या कर दी गई। हिमांशु भाऊ नामक एक गिरोह ने हत्या की जिम्मेदारी ली और इस मामले में राव इंद्रजीत यादव का नाम भी सामने आया।
- इसी साल जुलाई में, सिंगर राहुल फाजिलपुरिया के घर पर हुई गोलीबारी के मामले में उनका नाम सामने आया। एक महीने बाद, फाजिलपुरिया के सहयोगी रोहित शौकीन की गुरुग्राम में गोली मारकर हत्या कर दी गई। यादव और उसके साथियों ने हत्या की जिम्मेदारी ली।
- 18 अगस्त को कुछ लोगों ने यूट्यूबर एल्विश यादव के घर पर गोलीबारी की थी। हिमांशु भाऊ गिरोह ने गोलीबारी की जिम्मेदारी ली थी और यादव का नाम सोशल मीडिया पोस्ट में भी सामने आया था।
- अक्टूबर में हरियाणा के सहायक सब-इंस्पेक्टर संदीप कुमार लाथर ने अपने सुसाइड नोट में राव इंद्रजीत यादव का नाम भी लिया था।
चेक बाउंस मामले में राजपाल यादव का सरेंडर
राजपाल यादव फिलहाल चेक बाउंस मामले से जुड़े मामले में कानूनी संकट का सामना कर रहे हैं, जो लगभग 2010 का है। उस समय, एक्चर और उनकी पत्नी ने अपनी फिल्म ‘अता पता लापता’ के लिए एक कंपनी से लगभग 5 करोड़ रुपये का कर्ज लिया था। फिल्म के फ्लॉप होने के बाद, दोनों को कर्ज चुकाने में कठिनाई हुई। पैसों के लिए दिए गए कई चेक बाउंस हो गए, जिसके चलते कानूनी कार्यवाही शुरू हुई। अब बकाया राशि बढ़कर लगभग 9 करोड़ रुपये हो गई है।
राजपाल यादव को काटनी है 6 महीने जेल की सजा
दिल्ली उच्च न्यायालय द्वारा कई बार समय सीमा दिए जाने और समय बढ़ाने के बावजूद, राजपाल यादव बकाया राशि का भुगतान करने में विफल रहे। हाल ही में, अदालत ने आगे कोई राहत देने से इनकार कर दिया और एक्टर को तिहाड़ जेल में आत्मसमर्पण करने का निर्देश दिया, जहां उन्हें इस मामले के संबंध में छह महीने की सजा काटनी है। सरेंडर करने के बाद से वो जेल में ही हैं।













