विवियन डीसेना ऐसे खोलते हैं रोज़ा
विवियन डीसेना ने ‘हिंदुस्तान टाइम्स’ को दिए इंटरव्यू में बताया कि रमजान उनकी जिंदगी में ऐसा समय था, जिसने उनकी आस्था को बदला और जिंदगी के प्रति नजरिए को भी। फिर उन्होंने इफ्तार पर कहा, ‘मेरी इफ्तारी एकदम हल्की होती है। मैं तीन खजूर, एक गिलास दूध और कुछ पानी पीकर रोजा खोलता हूं।’
घर पर बनाते हैं खजूर का दूध
विवियन ने आगे बताया, ‘इसके अलावा मैं घर पर खजूर का दूध बनाता हूं। इसमें मैं खजूर, शहद, नट्स, ड्राई फ्रूट्स और कुछ फल डालता हूं। चीनी बिल्कुल नहीं डालता हूं, शहद डालता हूं। जब भी मैं घर पर होता हूं, तो इसे बनाने की कोशिश करता हूं।’
विवियन डीसेना ने बताई रमजान की अहमियत
विवियन ने बताया कि रमजान के दिनों में वह अपनी कुछ आदतों को पूरी तरह से बदल देते हैं। 30 दिनों तक वह कॉफी बिल्कुल नहीं पीते। रोजा रखने के कारण वह न तो कॉफी पीते हैं और ना पानी। इससे फायदा यह होता है कि 30 दिनों में बॉडी पूरी तरह से डिटॉक्स हो जाती है। विवियन ने कहा कि रमजान का महीना आस्था का ऐसा महीना है, जो आपको वैल्यूज और संस्कार सिखाता है। यह आपको समझाता है कि जो लोग गरीबी के कारण अपना पेट नहीं भर पाते, वो किन हालातों से गुजरते हैं, क्या झेलते हैं।
2019 में विवियन ने इस्लाम कबूला, नूरन अली से निकाह, लव जिहाद के आरोप
मालूम हो कि विवियन डीसेना ने साल 2016 में पहली पत्नी वाहबिज दोराबजी से तलाक लेने के दो साल बाद यानी 2019 में इस्लाम कबूल किया था। इसके बाद 2022 में विवियन ने नूरन अली के साथ निकाह कर लिया था। तब नूरन अली पर लव जिहाद के आरोप लगे और कहा गया कि उन्होंने ही विवियन को जबरदस्ती धर्म परिवर्तन के लिए मजबूर किया। नूरन अली ने खुद इसके बारे में एक इंटरव्यू में बात की थी। विवियन को भी धर्म परिवर्तन के लिए लोगों के खूब ताने और खरी-खोटी सुननी पड़ी थी, पर उन्हें इससे कोई फर्क नहीं पड़ा।
विवियन डीसेना से नूरन अली ने इस कारण बनाकर रखी थी दूरी
नूरन अली ने साल 2025 में ‘गलाटा इंडिया’ को दिए इंटरव्यू में बताया था कि विवियन डीसेना ने उनकी शादी के वक्त इस्लाम कबूल किया था। उन्होंने विवियन से साफ-साफ कह दिया था कि वह अपने धर्म के अलावा किसी और धर्म के व्यक्ति से शादी नहीं कर सकतीं। नूरन अली ने बताया कि विवियन ईसाई थे। ईसाई धर्म और इस्लाम में काफी समानताएं होती हैं, पर उन्होंने विवियन से दूरी बनाकर रखी क्योंकि उन्हें लगा कि वह उनके लिए धर्म नहीं बदलेंगे। और उनके खुद के धर्म में महिलाएं कन्वर्ट नहीं होतीं।
खुद के लिए इस्लाम कबूलना चाहते थे विवियन
नूरन अली ने बताया था कि उन्होंने 6 महीने तक विवियन डीसेना से बात नहीं की थी क्योंकि उन्हें लगा कि अगर विवियन ने उनकी वजह से धर्म बदला तो समाज उन्हें माफ नहीं करेंगा। लेकिन फिर एक दोस्त से पता चला था कि विवियन डीसेना असल में नूरन अली के धर्म के बारे में पढ़ रहे थे। विवियन ने कहा था कि अगर नूरन अली उनसे शादी नहीं भी करेंगी, तो भी वह इस्लाम कबूल कर लेंगे क्योंकि वह ऐसा अपने लिए करना चाहते हैं।
अब 5 वक्त के नमाजी हैं विवियन डीसेना
आखिरकार विवियन और नूरन अली का निकाह हो गया और उनकी एक बेटी भी है। विवियन अब इस्लाम को इस कदर फॉलो करते हैं कि वह पांच वक्त के नमाजी हैं। विवियन ने कहा कि चाहे रमजान हो या न हो, पर पांच वक्त की नमाज उनके लिए बहुत जरूरी है।













