स्पीकर ने कहा, ‘जांच की प्रक्रिया पूरी होने की दिशा में है। जैसे ही जांच पूरी हो जाएगी, कार्य योजना बनाई जाएगी और समिति को भेजी जाएगी, और प्रक्रिया पूरी की जाएगी। किसी को भी सदन की गरिमा को ठेस पहुंचाने की इजाजत नहीं दी जाएगी।’ उन्होंने आगे कहा, ‘यह एक जिम्मेदारी है। आपको सदन के अंदर गरिमा बनाए रखनी होगी और जो गरिमा नहीं बनाए रखेगा, उसे संसद के नियमों और प्रक्रियाओं के तहत दंडित किया जाएगा। कार्रवाई की जाएगी। नियमों के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।’
क्या है मामला?
संसद के शीतकालीन सत्र के दौरान, बीजेपी सांसद अनुराग ठाकुर ने कीर्ति आजाद के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। ठाकुर ने आरोप लगाया था कि कीर्ति आजाद सत्र के दौरान निचले सदन में ई-सिगरेट पी रहे थे। अनुराग ठाकुर ने अपनी शिकायत में लिखा, ‘अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस से संबंधित एक सांसद को सत्र के दौरान सदन में खुलेआम इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट का इस्तेमाल करते देखा गया।’ उन्होंने यह भी कहा कि यह कृत्य सदन में मौजूद कई सदस्यों को ‘स्पष्ट रूप से दिखाई’ दे रहा था।
ठाकुर ने इस कथित कृत्य को संसदीय आचरण का गंभीर उल्लंघन बताया और इसे नियमों और वैधानिक प्रावधानों का घोर उल्लंघन करार दिया। उन्होंने यह भी बताया कि उन्होंने सत्र के दौरान इस मुद्दे को अध्यक्ष के ध्यान में लाया था।
अपनी शिकायत में, BJP सांसद ने स्पीकर को याद दिलाया कि इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट के निर्माण, उत्पादन, आयात, निर्यात, परिवहन, बिक्री, ऑनलाइन बिक्री सहित वितरण, भंडारण और विज्ञापन पर देश भर में पूरी तरह से प्रतिबंध है। यह प्रतिबंध ‘इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट (उत्पादन, निर्माण, आयात, निर्यात, परिवहन, बिक्री, वितरण, भंडारण और विज्ञापन) का निषेध अधिनियम, 2019’ के तहत लगाया गया है।














