भारत के खिलाफ आखिरी सीरीज
35 वर्षीय इस दिग्गज खिलाड़ी का संन्यास न केवल ऑस्ट्रेलिया बल्कि विश्व क्रिकेट के लिए एक महत्वपूर्ण मोड़ है। हीली ने पर्थ के वाका (WACA) मैदान पर भारत के खिलाफ होने वाले एकमात्र टेस्ट मैच को अपने अंतिम अंतरराष्ट्रीय मैच के रूप में चुना है। हालांकि, वह इस साल के टी20 विश्व कप में हिस्सा नहीं लेंगी, क्योंकि उनका मानना है कि अब समय आ गया है कि ऑस्ट्रेलियाई टीम को एक नया नेतृत्व मिले और वह अपनी अगली पीढ़ी तैयार कर सके। अपने विदाई संदेश में उन्होंने स्वीकार किया कि हालांकि उनमें अभी भी खेलने का जुनून बाकी है।
शानदार रहा है करियर
हीली का करियर सफलता और रिकॉर्ड्स की एक ऐसी दास्तां है जिसे भविष्य की क्रिकेट पीढ़ियों के लिए एक मिसाल माना जाएगा। लगभग 15 वर्षों के लंबे सफर में उन्होंने ऑस्ट्रेलिया को 8 विश्व खिताब (6 टी20 और दो वनडे) दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। एक विस्फोटक विकेटकीपर-बल्लेबाज के रूप में उन्होंने वनडे क्रिकेट में 3,500 से अधिक और टी20 अंतरराष्ट्रीय में 3,000 से अधिक रन बनाए हैं।
उनकी सबसे यादगार पारियों में 2022 वनडे विश्व कप फाइनल में खेली गई 170 रनों की मैराथन पारी हमेशा शीर्ष पर रहेगी। मैदान पर उनकी आक्रामकता और स्टंप्स के पीछे उनकी चपलता ने उन्हें दुनिया का सर्वश्रेष्ठ विकेटकीपर-बल्लेबाज बनाया।













