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  • भारत में डिजाइन होंगे AI सर्वर, बंगलूरू और पुडुचेरी बनेंगे सेंटर, लैपटॉप बनाने वाली दिग्‍गज कंपनी की तैयारी

    Ai Server System in India : लैपटॉप-पीसी के क्षेत्र की दिग्‍गज कंपनी लेनोवाे इंडिया ने भारत के लिए बड़ी तैयारी की है। देश में एआई (आर्टिफ‍िशियल इंटेलिजेंस) का इस्‍तेमाल का प्रभाव जिस तेजी से बढ़ रहा है, उसे देखते हुए लेनोवो ने देश में ही एआई सर्वर डिजाइन करने का फैसला किया है। यह इसलिए


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    By Azad Hind Desk जनवरी 10, 2026
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    Ai Server System in India : लैपटॉप-पीसी के क्षेत्र की दिग्‍गज कंपनी लेनोवाे इंडिया ने भारत के लिए बड़ी तैयारी की है। देश में एआई (आर्टिफ‍िशियल इंटेलिजेंस) का इस्‍तेमाल का प्रभाव जिस तेजी से बढ़ रहा है, उसे देखते हुए लेनोवो ने देश में ही एआई सर्वर डिजाइन करने का फैसला किया है। यह इसलिए अहम है क्‍योंकि भविष्‍य में एआई का मुख्‍य काम एआई सर्वरों के जरिए किया जाना है। लेनोवाे ने कहा है कि वह बंगलूरू स्थित डेवलपमेंट लैब में एआई सर्वर सिस्‍टम डिजाइन करने का काम करेगी। डिजाइनिंग पूरी होने के बाद उन्‍हें पुडुचेरी प्‍लांट में तैयार किया जाएगा। ना सिर्फ भारत बल्कि दुनिया के अन्‍य देशों के लिए भी एआई सर्वर, भारत में बनाए जाएंगे।

    ईटी की रिपोर्ट के अनुसार, कंस्‍यूमर इलेक्‍ट्रॉनिक्‍स शो ( CES 2026 ) में लेनोवो ने यह जानकारी शेयर की। कंपनी का कहना है कि वह अपने एक और दो सॉकेट वाले एआई सर्वर सिस्‍टमों को भारत में डिजाइन करने वाली है। जब डिजाइन भारत में किया जाएगा तो इनकी मैन्‍युफैक्‍चरिंग भी भारत में ही होगी।

    क्‍या होते हैं AI सर्वर सिस्‍टम?

    एआई सर्वर को समझने से पहले सर्वर को समझना होगा। आमतौर पर कोई सर्वर, कंप्‍यूटर से जुड़े कामों या वेबसाइट के डेटाबेस को होस्‍ट करने में इस्‍तेमाल होता है। लेकिन एआई सर्वर का उपयोग अलग है। एआई सर्वर के लिए ऐसा कंप्‍यूटिंग इन्‍फ्रास्‍ट्रक्‍चर चाहिए जो बेहद पावरफुल हो। वह किसी मॉडल मॉडल को ट्रेन कर सके। मुश्किल कैलकुलेशन कर पाए। एआई सर्वरों में जीपीयू का रोल भी अहम होता है। भारत में एआई सर्वरों को लेकर कई कवायदें चल रही हैं। अब लेनोवो भी उनमें शामिल हो गई है, जिसने अपनी योजनाओं पर खुलकर बात की है।

    भारत में एआई का बढ़ता इस्‍तेमाल

    आंकड़े बताते हैं कि भारत ने एआई के इस्‍तेमाल में अमेरिका को भी पीछे छोड़ दिया है। 2024 के मुकाबले 2025 में देश में चैटजीपीटी जैसे टूल्‍स का इस्‍तेमाल करने वाले लोगों की संख्या 607 फीसदी बढ़ गई है। भारत में चैटजीपीटी के मंथली एक्‍ट‍िव यूजर्स की संख्‍या साढ़े 14 करोड़ है जो उसके कुल यूजर्स का 16 फीसदी है। जेमिनी के साढ़े 10 करोड़ यूजर्स हैं, जो उसे ग्‍लोबल बेस का 30 फीसदी हैं। देश में सबसे ज्‍यादा इस्‍तेमाल होने वाला एआई ऐप भी चैटजीपीटी है।

    एआई के क्षेत्र में नाम कमा रहे भारतीय

    भारतीय सिर्फ एआई का इस्‍तेमाल करने में ही आगे नहीं हैं, वो इस क्षेत्र में अपनी काब‍िलियत भी साबित कर रहे हैं। अमेरिका में आयोजित हुए एआई के सबसे बड़े फेस्‍ट में जमशेदपुर के एक स्‍टूडेंट ने पहला प्राइज जीता है। स्‍टूडेंट का नाम अक्षत सरकार है, जिन्‍होंने ‘एमेजॉन AWS इनाेवेट X’ में जूनियर कैटिगरी में यह उपलब्‍ध‍ि पाई है। एमेजॉन के इस फेस्‍टि‍वल को अमेरिका में सबसे बड़ा एआई फेस्‍ट‍िवल माना जाता है। दुनियाभर के छात्र इसमें अपनी प्रतिभा दिखाते हैं। इस बार भी 6 से 12वीं कक्षा के बच्‍चों की 60 हजार से ज्‍यादा एंट्रीज आई थीं।

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