• International
  • अमेरिका भाड़े के टट्टुओं पर दांव लगाना बंद करो, ईरान के अस्पताल में लाशों के ढेर, खामेनेई ने ट्रंप को दी धमकी

    तेहरान: ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई ने एक बार फिर अमेरिका पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि दुश्मन (अमेरिका) के इशारे पर उनके देश को अस्थिर करने की कोशिश की जा रही है। खामेनेई ने कहा है कि अमेरिकी नेताओं को भाड़े के टट्टुओं पर दांव लगाना बंद करना चाहिए। खामेनेई की


    Azad Hind Desk अवतार
    By Azad Hind Desk जनवरी 13, 2026
    Views
    728 x 90 Advertisement
    728 x 90 Advertisement
    300 x 250 Advertisement
    तेहरान: ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई ने एक बार फिर अमेरिका पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि दुश्मन (अमेरिका) के इशारे पर उनके देश को अस्थिर करने की कोशिश की जा रही है। खामेनेई ने कहा है कि अमेरिकी नेताओं को भाड़े के टट्टुओं पर दांव लगाना बंद करना चाहिए। खामेनेई की ओर से यह बयान ईरान में तेज होते विरोध प्रदर्शनों के बीच आया है। ईरान का कहना है कि अमेरिका और इजरायल प्रदर्शनों को हवा दे रहे हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने प्रदर्शनकारियों का समर्थन किया है और ईरान पर हमले की धमकी दी है। वहीं ईरान के प्रदर्शनों हिंसा बढ़ती जा रही है। देश के अस्पतालों में बड़ी संख्या में लाशों के आने का दावा किया जा रहा है।

    अली खामेनेई ने सोमवार शाम को एक्स पर कई ट्वीट किए हैं, इसमें उन्होंने संकेत दिया कि उनकी सरकार को समर्थन मिल रहा है और प्रदर्शनकारी फेल हो रहे हैं। खामेनेई ने सरकार के समर्थन में निकले लोगों की तस्वीर शेयर करते हुए लिखा, ‘आपकी हिम्मत से भरी इन बड़ी रैलियों ने विदेशी दुश्मनों की उन साजिशों को पूरी तरह नाकाम कर दिया है, जिन्हें अंदरूनी किराए के टट्टुओं ने अंजाम देने का मंसूबा बनाया था।’

    ईरान को झुकाया नहीं जा सकता: खामेनेई

    खामेनेई ने एक और ट्वीट में लिखा, ‘महान ईरानी राष्ट्र ने दुश्मनों के सामने अपना संकल्प और पहचान साबित की है। यह अमेरिकी नेताओं के लिए चेतावनी है कि उन्हें अपने धोखे भरे काम बंद कर देने चाहिए और अपने गद्दार भाड़े के टट्टुओं पर भरोसा करना बंद कर देना चाहिए। ईरानी राष्ट्र मजबूत, शक्तिशाली और जागरूक है। वह दुश्मन को जानता है और हमेशा मैदान में मौजूद रहता है।’

    ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने भी कहा है कि उनके देश में प्रदर्शनों के पीछे अमेरिका और इजरायल का हाथ है। उन्होंने कहा कि हमारे पास ईरान में हाल के दिनों में हुई हिंसा में अमेरिका और इजरायल के शामिल होने के कई दस्तावेज और सबूत हैं। कई लोगों को पीछे से गोलियां लगीं। इसके लिए कुछ गुर्गों को विदेशी ताकतों से सीधे आदेश मिले थे।

    ईरान के अस्पतालों में लाशें

    सीएनएन ने अपनी एक रिपोर्ट में दावा किया है कि ईरान में विरोध प्रदर्शनों के दौरान बड़ी संख्या में मौतें हो रही हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि तेहरान के दक्षिण में काहरीजाक फोरेंसिक मेडिकल सेंटर में एक अस्थायी मुर्दाघर में काले बैग में लिपटकर लाशें आ रही हैं। यहां लोग अपनों को तलाशने के बदहवास घूम रहे हैं।

    ईरान के इंटरनेट ब्लैकआउट के बावजूद कुछ वीडियो सामने आए हैं, जिनमें लोग वेयरहाउस जैसे कमरों के अंदर और फोरेंसिक सेंटर के बाहर जमीन पर पड़ी दर्जनों लाशों में अपने प्रियजनों को पहचानने की कोशिश कर रहे हैं। इन कथित वीडियो में लोगों की भीड़ एक मॉनिटर के सामने इकट्ठा है। इस पर मृत व्यक्तियों की तस्वीरें दिखाई जा रही हैं।

    एक्टिविस्ट ग्रुप ममलकेत ने कहा है कि फोरेंसिक संस्थान में लाई गई लाशों की संख्या इतनी ज्यादा है कि उन्हें नीचे फर्श पर लाइन से रखा जा रहा है। अस्पतालों और फॉरेसिंक सेंटरों के कुछ कमरों को अस्थायी मुर्दाघर में बदल दिया गया है। यहां फर्श और मेटल की मेजों पर लाइन से लाशों को रखा गया है।

    728 x 90 Advertisement
    728 x 90 Advertisement
    300 x 250 Advertisement

    हर महीने  ₹199 का सहयोग देकर आज़ाद हिन्द न्यूज़ को जीवंत रखें। जब हम आज़ाद हैं, तो हमारी आवाज़ भी मुक्त और बुलंद रहती है। साथी बनें और हमें आगे बढ़ने की ऊर्जा दें। सदस्यता के लिए “Support Us” बटन पर क्लिक करें।

    Support us

    ये आर्टिकल आपको कैसा लगा ? क्या आप अपनी कोई प्रतिक्रिया देना चाहेंगे ? आपका सुझाव और प्रतिक्रिया हमारे लिए महत्वपूर्ण है।