केंद्रीय मंत्री ने कहा कि दुनिया में चीजों का इस्तेमाल हथियार की तरह हो रहा है। उत्पादन, पैसा और बाजार की ताकत का गलत इस्तेमाल हो रहा है। देशों ने निर्यात पर भी सख्ती कर दी है। उन्होंने कहा, ‘भारत अब मजबूत स्थिति में है और दुनिया के देशों से ज्यादा जुड़ रहा है। हाल ही में हुए व्यापार समझौते इसका सबूत हैं।’
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उथल-पुथल वाला दौर
जयशंकर ने यह भी बताया कि दुनिया एक मुश्किल और अनिश्चित दौर में पहुंच गई है। उन्होंने कहा कि शायद यह हमारी जिंदगी का सबसे अधिक उथल-पुथल वाला दौर है। विदेश मंत्री ने कहा कि पुरानी व्यवस्थाएं बदल रही हैं। इसके विकल्प तैयार करना मुश्किल है और ऐसा प्रतीत होता है कि हम एक अनिश्चितता के लंबे दौर की ओर बढ़ रहे हैं।
कैसी रहीं भारत की ट्रेड डील?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच हुई बातचीत के बाद, अमेरिका ने भारत के सामानों पर लगने वाले टैक्स को 50% से घटाकर 18% कर दिया है। पिछले महीने भारत और यूरोपीय संघ (EU) के बीच फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) यानी मुक्त व्यापार समझौते पर बातचीत पूरी हो गई है। कॉमर्स सेक्रेटरी राजेश अग्रवाल ने बताया था कि इससे दोनों देशों के बीच व्यापार बढ़ेगा और आर्थिक रिश्ते मजबूत होंगे। यह समझौता दोनों देशों के बीच व्यापार को बढ़ावा देगा और आर्थिक संबंधों को और मजबूत करेगा।
एक्स पर किया जिक्र
इस कॉन्फ्रेंस के बाद विदेश मंत्री ने इसकी जानकारी अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर दी। उन्होंने एक्स पर लिखा, ‘ग्लोबल इकोनॉमिक कोऑपरेशन कॉन्फ्रेंस में सीएम देवेंद्र फडणवीस के साथ मैंने भी हिस्सा लिया। मैंने बताया कि कैसे भारत आज की अनिश्चित दुनिया में अपनी ताकत बढ़ा रहा है, जोखिम कम कर रहा है और अपने व्यापार को फैला रहा है। हमारी सरकार की समझदारी भरी, व्यावहारिक और लोगों के हित में नीतियां भारत को दुनिया के लिए एक भरोसेमंद साथी बनाती हैं।’













