तेजस इस वक्त कड़ी जांच से गुजर रहा है
तेजस को ‘वायु शक्ति अभ्यास’ में स्वदेशी विमान के रूप में प्रदर्शित किया जाना था, जो 27 फरवरी को होने वाला है। इस अभ्यास में भारतीय वायुसेना (IAF) दुश्मन पर तेजी से हमला करने और परिचालन वातावरण पर प्रभुत्व स्थापित करने की अपनी क्षमता का प्रदर्शन कर रही है।
सूत्रों ने बताया कि तेजस लड़ाकू विमान बीते मंगलवार को पोखरण में हुए पूर्ण पूर्वाभ्यास में शामिल नहीं हुआ, क्योंकि बेड़ा दो सप्ताह से अधिक समय से तकनीकी जांच से गुजर रहा है।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू होंगी मुख्य अतिथि
तीनों सेनाओं की सर्वोच्च कमांडर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू इस वायु शक्ति अभ्यास कार्यक्रम की मुख्य अतिथि होंगी, जिसमें ऑपरेशन सिंदूर के दौरान सफल हवाई अभियानों को भी प्रदर्शित किया जाएगा।
तेजस के रखरखाव की जांच की जा रही
द प्रिंट की एक खबर के अनुसार, भारतीय वायु सेना (IAF) के तेजस लड़ाकू विमान बेड़े की ‘रखरखाव की जांच’ की जा रही है, ताकि 7 फरवरी को बेस से उड़ान भरते समय हुई घटना का कारण पता लगाया जा सके।
वहीं, ईटी के अनुसार, लड़ाकू विमान को ढांचागत नुकसान हुआ है। संभवतः इसे बेकार घोषित कर दिया जाएगा। भारतीय वायु सेना ने इस घटनाक्रम पर कोई टिप्पणी नहीं की। सूत्रों ने बताया कि वायु सेना आमतौर पर एयरबेस के भीतर होने वाली घटनाओं पर टिप्पणी नहीं करती है।
HAL ने बताया था-मामूली तकनीकी खराबी
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, यह घटना हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) द्वारा भारतीय वायु सेना को आपूर्ति किए गए 32 सिंगल सीटर एलसीए विमानों में से एक से संबंधित है।
एलसीए बेड़े से जुड़ी यह तीसरी बड़ी दुर्घटना है, जिसमें पहले ही दो विमान दुर्घटनाग्रस्त हो चुके हैं। एचएएल ने इस घटना को ‘मामूली तकनीकी खराबी’ बताया था। उसने कहा था कि वह इसके जल्द समाधान के लिए वायु सेना के साथ मिलकर काम कर रही है।
आखिर क्या हुआ था, क्या लग रहे कयास
द प्रिंट के अनुसार, इस अवधि के दौरान जब तक अत्यंत आवश्यक न हो तेजस लड़ाकू विमान उड़ान नहीं भरेंगे। सूत्र ने बताया कि यह एक जमीनी घटना थी, जिसका अर्थ है कि यह विमान के उड़ान भरने के दौरान नहीं, बल्कि जमीन पर रहते हुए घटी। सूत्रों के अनुसार, ऐसी घटनाओं को आधिकारिक तौर पर दुर्घटना, हादसा या घटना के रूप में वर्गीकृत किया जाता है।
इस मामले में इसे घटना के रूप में वर्गीकृत किया गया है। शुरुआती आकलन यह है कि विमान के टेक-ऑफ रन के दौरान अचानक कोई तकनीकी खराबी आ गई। संदेह है कि तकनीकी खराबी ब्रेक से संबंधित थी, जिसके कारण टायर फट गया। इसके परिणामस्वरूप विमान रनवे से बाहर निकल गया।













