• International
  • फ्रांस बढ़ाएगा एटमी हथियारों का जखीरा, यूरोप को देगा परमाणु छतरी, मैक्रों ने पेश किया न्यूक्लियर प्लान

    पेरिस: फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने परमाणु हथियारों पर बड़ा ऐलान किया है। मैक्रों ने कहा कि फ्रांस अपने परमाणु हथियारों का जखीरा बढ़ाएगा। इसके साथ ही उन्होंने यूरोप की सुरक्षा के लिए एक परमाणु प्लान पेश किया, जिसमें फ्रांस अपने साथी देशों में न्यूक्लियर हथियारों वाले एयरक्राफ्ट तैनात कर सकता है। मैक्रों ने


    Azad Hind Desk अवतार
    By Azad Hind Desk मार्च 3, 2026
    Views
    728 x 90 Advertisement
    728 x 90 Advertisement
    300 x 250 Advertisement
    पेरिस: फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने परमाणु हथियारों पर बड़ा ऐलान किया है। मैक्रों ने कहा कि फ्रांस अपने परमाणु हथियारों का जखीरा बढ़ाएगा। इसके साथ ही उन्होंने यूरोप की सुरक्षा के लिए एक परमाणु प्लान पेश किया, जिसमें फ्रांस अपने साथी देशों में न्यूक्लियर हथियारों वाले एयरक्राफ्ट तैनात कर सकता है। मैक्रों ने यह घोषणा ऐसे समय में की है, जब दुनिया जियोपॉलिटकल उथल-पुथल के दौर से गुजर रही है। उन्होंने इसे फॉरवर्ड न्यूक्लियर डिटरेंस कहा है।

    फ्रांस के परमाणु प्लान में 8 देश

    इले लोंग्यू न्यूक्लियर सबमरीन बेस पर मैक्रों ने घोषणा की कि आठ यूरोपियन देश महाद्वीप पर सुरक्षा को मजबूत करने के लिए फ्रांस के परमाणु हथियार का इस्तेमाल करने के उनके प्लान में शामिल होने पर सहमत हो गए हैं। जर्मनी, पोलैंड, स्वीडन और ब्रिटेन इसमें शामिल हैं। उन्होंने इस प्रयास में जर्मनी को एक अहम पार्टनर बताया। मैक्रों के भाषण के बाद फ्रांस और जर्मनी ने एक संयुक्त बयान जारी किया, जिसमें कहा गया कि उन्होंने एक न्यूक्लियर स्टीयरिंग ग्रुप बनाया है। इसमें कहा गया है कि यह व्यवस्था NATO के न्यूक्लियर डिटरेंस को आगे बढ़ाने न कि उसकी जगह लेगी।

    आजादी का मतलब अकेले हो जाना नहीं हो सकता। दुनिया में अभी इसकी सबसे ज्यादा जरूरत है। हम अभी जियोपॉलिटिकल उथल-पुथल के दौर से गुजर रहे हैं, जिसमें कई रिस्क हैं।
    इमैनुएल मैक्रों, फ्रांस के राष्ट्रपति

    सहयोगी देश रख पाएंगे फ्रांस के परमाणु हथियार

    मैक्रों ने अपनी योजना के बारे में बताया कि इसके तहत नीदरलैंड्स, बेल्जियम, ग्रीस और डेनमार्क जैसे देश फ्रांस की स्ट्रेटेजिक एयर फोर्स को अपने यहां रख पाएंगे। हालांकि, उन्होंने जोर देकर कहा कि न्यूक्लियर फैसले पर फ्रांस अपना कड़ा नियंत्रण बनाए रखेगा। फ्रांस और जर्मनी ने कहा कि वे इस साल से पहले ठोस कदम उठाने पर सहमत हुए हैं, जिसमें फ्रांस के परमाणु अभ्यास में जर्मनी की पारंपरिक हिस्सेदारी भी शामिल है।

    मैक्रों ने फ्रांस के परमाणु सिद्धांत को ऐसे समय में अपडेट किया है, जब यूरोप के प्रति अमेरिका की प्रतिबद्धता से NATO देशों में आशंका बढ़ रही है। हालांकि, अमेरिका ने कहा है कि NATO के तहत अमेरिकी डिटरेंट जारी रहेगा, लेकिन इसके बावजूद यूरोप में डर कम करने में कोई खास मदद नहीं मिली है। अमेरिका पांच यूरोपीय देशों में परमाणु बम की तैनाती करता है- इटली, जर्मनी, नीदरलैंड्स, बेल्जियम और तुर्की।

    फ्रांस के पास कितने परमाणु हथियार?

    • मैक्रों ने कहा कि उन्होंने परमाणु हथियारों की संख्या बढ़ाने का आदेश दिया है। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि फ्रांस पर अपने परमाणु स्टॉक के बारे में कोई जानकारी नहीं देगा।
    • फ्रांस के पास दुनिया का चौथा सबसे बड़ा हथियार है, जिसमें करीब 290 एटम बम हैं। ब्रिटेन के EU से निकलने के बाद अब एटमी हथियार वाला यह इकलौता यूरोपीय देश है।
    • वहीं, यूरोप के मुख्य प्रतिद्वंद्वी रूस के पास करीब 5500 एटमी हथियार हैं, जो दुनिया में सबसे ज्यादा हैं।

    फ्रांस की घोषणा ऐसे समय में आई है जब रूस और यूक्रेन की जंग पांचवें साल में प्रवेश कर गई है। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन कई बार अपने परमाणु हथियारों का डर दिखा चुके हैं। इसे लेकर यूरोप में आशंका बनी हुई है। पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क ने कहा कि उनका देश फ्रांस और दूसरे यूरोपियन साथियों से बात कर रहा है। उन्होंने X पर लिखा, हम अपने दोस्तों के साथ मिलकर हथियार जमा कर रहे हैं, ताकि हमारे दुश्मन हम पर हमला करने की हिम्मत न कर सकें।

    728 x 90 Advertisement
    728 x 90 Advertisement
    300 x 250 Advertisement

    हर महीने  ₹199 का सहयोग देकर आज़ाद हिन्द न्यूज़ को जीवंत रखें। जब हम आज़ाद हैं, तो हमारी आवाज़ भी मुक्त और बुलंद रहती है। साथी बनें और हमें आगे बढ़ने की ऊर्जा दें। सदस्यता के लिए “Support Us” बटन पर क्लिक करें।

    Support us

    ये आर्टिकल आपको कैसा लगा ? क्या आप अपनी कोई प्रतिक्रिया देना चाहेंगे ? आपका सुझाव और प्रतिक्रिया हमारे लिए महत्वपूर्ण है।