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  • AI के कारण नौकरी की चिंता पर बोले PM मोदी, कहा- डर का सबसे अच्‍छा इलाज है तैयारी

    इंडिया एआई इम्‍पैक्‍ट समिट 2026 के आयोजन के बीच PM मोदी ने आर्टिफ‍िशियल इंटेलिजेंस के कारण नौकर‍ियों में आने वाली युवाओं की चिंता पर खुलकर बात की है। न्‍यूज एजेंसी ANI को दिए एक विशेष इंटरव्यू में PM ने कहा कि वह जॉब मार्केट में AI के कारण होने वाली संभावित उथल-पुथल को लेकर युवाओं


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    By Azad Hind Desk फरवरी 17, 2026
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    इंडिया एआई इम्‍पैक्‍ट समिट 2026 के आयोजन के बीच PM मोदी ने आर्टिफ‍िशियल इंटेलिजेंस के कारण नौकर‍ियों में आने वाली युवाओं की चिंता पर खुलकर बात की है। न्‍यूज एजेंसी ANI को दिए एक विशेष इंटरव्यू में PM ने कहा कि वह जॉब मार्केट में AI के कारण होने वाली संभावित उथल-पुथल को लेकर युवाओं की चिंता समझते हैं। प्रधानमंत्री ने कहा कि डर का सबसे अच्छा इलाज ‘तैयारी’ है। इसीलिए हम अपने लोगों की स्किलिंग और री-स्किलिंग में इन्वेस्ट कर रहे हैं। पीएम ने बताया कि हम इसे भविष्य की समस्या के तौर पर नहीं, बल्कि मौजूदा समय की जरूरत मान रहे हैं।

    ‘भविष्‍य के कामकाज को लीड करेंगे हमारे युवा’

    PM मोदी ने कहा कि AI एक ‘फोर्स मल्टीप्लायर’ है, जो संभावनाओं की सीमाओं को और आगे ले जाने में मदद करेगा। इससे डॉक्टर, वकील और शिक्षक भी पहले के मुकाबले कहीं बड़ी आबादी तक पहुंचेंगे और उनकी मदद कर पाएंगे। प्रधानमंत्री ने कहा कि इत‍िहास में हमने देखा है कि टेक्नोलॉजी के कारण काम खत्म नहीं होता। उसका नेचर बदलता है। नई तरह की नौकरियां बनती हैं। कुछ नौकरियों को नए सिरे से तय किया जा सकता है। यह डिजिटल बदलाव, भारत की इकॉनमी में नई टेक जॉब्‍स भी लेकर आएगा। पीएम ने कहा कि सदियों से यह डर रहा है कि इनोवेशन और टेक्नोलॉजिकल क्रांतियां नौकरियां खत्म कर देंगी। फिर भी इतिहास हमें सिखाता है कि जब भी इनोवेशन होता है, नए मौके सामने आते हैं। AI के जमाने में भी यही सच होगा। पीएम ने कहा, हमें पूरा भरोसा है कि एआई, भारत के वर्कफोर्स को सशक्त बनाएगा। सही स्‍क‍िल्‍स और तैयारी के साथ हमारे युवा भविष्य के कामकाज को लीड करेंगे।

    ‘बदलाव के साथ ढलने के लिए तैयार’

    प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत इस बदलाव के हिसाब से ढलने के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्‍होंने स्टैनफोर्ड ग्लोबल AI वाइब्रेंसी इंडेक्स 2025 का जिक्र किया जिसमें भारत तीसरे नंबर पर था। पीएम ने कहा कि यह AI र‍िसर्च और डेवलपमेंट, टैलेंट और इकॉनमी में हमारी मजबूत ग्रोथ को दिखाता है। प्रधानमंत्री ने कहा कि इनोवेशन और इनक्लूजन के कॉम्बिनेशन से AI भारत के वर्कफोर्स को और मजबूत करेगा।

    ‘लोगों के टैलेंट को बढ़ा सकता है एआई’

    पीएम मोदी ने कहा कि AI में आज एक सिविलाइजेशनल बदलाव का समय आ गया है। यह इंसानी काबिलियत (टैलेंट) को ऐसे तरीकों से बढ़ा सकता है जो पहले कभी नहीं हुए। प्रधानमंत्री ने कहा कि इंडिया एआई इम्‍पैक्‍ट समिट का आयोजन इसीलिए किया गया है ताकि इसके अर्थपूर्ण और सकारात्मक पहलुओं पर बात की जाए। उन्‍होंने कहा कि भारत के सिविलाइजेशन से हमें सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय की प्रेरणा मिलती है। टेक्नोलॉजी का प्रमुख मकसद सभी के लिए कल्याण, सभी की खुशी होना चाहिए। तकनीक को इंसानियत की सेवा के लिए अपनाया जाना चाहिए।

    ‘व‍िकस‍ित भारत की यात्रा में साथी बनेगा एआई’

    पीएम ने कहा कि एआई, भारत की 2047 की विकसित भारत यात्रा में बदलाव लाने का मौका बनेगा। एआई की मदद से नए अवसर तलाशे जा सकेंगे। पीएम ने कहा कि स्‍वास्‍थ्‍य के क्षेत्र में एआई का असर दिखाई देने लगा है। अब एआई आधारित मॉडलों के इस्‍तेमाल से टीबी जैसी बीमारियों को शुरुआत में ही पहचाना जा सकता है। शिक्षा के क्षेत्र में भी एआई मददगार साबित हो रहा है। ग्रामीण इलाकों के सरकारी स्कूलों में छात्रों को इसका फायदा हो रहा है।

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