क्या कहा ज्योतिरादित्य सिंधिया ने?
रिपोर्ट के अनुसार, सरकार 22 हजार नए टावरों से भी आगे जाने की सोच रही है। इसके लिए फंड की जरूरत होगी, जिसके लिए ज्योतिरादित्य सिंधिया ने वित्त मंत्री से मुलाकात की है। उन्होंने ज्यादा जानकारी देने से इनकार किया, लेकिन बताया कि इस पर काफी काम हो गया है।
BSNL 4G नेटवर्क कौन कर रहा तैयार?
BSNL 4G नेटवर्क पूरी तरह से स्वदेशी तकनीक पर आधारित है। इसे टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज की लीडरशिप वाले ग्रुप ने तैयार किया है जिसमें तेजस नेटवर्क्स और C-DOT जैसी संस्थाएं शामिल हैं। पिछले साल जब बीएसएनएल 4जी की शुरुआत देश में हुई तब करीब 98 हजार साइटें एक्टिव हो गई थीं। इसके बाद टावरों को 1 लाख तक पहुंचाया गया। अब 22 हजार नए टावर लगाने पर काम तेजी से चल रहा है। इससे देश के तमाम इलाकों में BSNL 4G पहुंचेगा, लेकिन इतना काफी नहीं है। सरकार ने और साइटें लगाने की योजना बनाई है, जिससे गांव-गांव तक स्वदेशी इंटरनेट पहुंचेगा।
एक्सपर्ट्स ने भी कहा- और टावर लगाने होंगे
रिपोर्ट के अनुसार, सरकार की सोच से एक्सपर्ट भी सहमत हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि प्राइवेट टेलिकॉम कंपनियों से मुकाबला करने के लिए ज्यादा 4जी साइटें लगानी होंगी। खास बात यह है कि बीएसएनएल के स्वदेशी 4जी नेटवर्क की धाक अमेरिका और दूसरे देशों तक सुनाई दे रही है। रिपोर्ट में बताया गया है कि कई देशों चीनी उपकरणों को बदलना चाहते हैं और भारतीय तकनीक का इस्तेमाल करने में उन्होंने रुचि दिखाई है।
5G पर काम तेज
सरकारी कंपनी का 4जी नेटवर्क तो आ गया है, लेकिन इंतजार 5जी सेवाओं का भी है, जिन्हें इसी साल रोलआउट किया जा सकता है। सबकुछ सही रहा तो दिल्ली और मुंबई जैसे शहरों से बीएसएनएल 5जी शुरू हो जाएगा। खास यह है कि बीएसएनएल के 4जी नेटवर्क को ही 5जी में अपग्रेड किया जा सकता है। सरकार को अलग से टावर लगाने की जरूरत नहीं होगी।














