अधिकारियों ने भारत में करीब दो महीने रुकने और इस दौरान काम करने को लेकर सवाल किए। ‘ लेबर कंडीशन एप्लीकेशन ‘ (LCA) में भारत से काम की अनुमति न होने पर ओवरस्टे का हवाला दिया गया। महिला का कहना है कि कंपनी के इमिग्रेशन अटॉर्नी के मुताबिक रिमोट वर्क पर स्पष्ट प्रतिबंध नहीं है। अब उसे दोबारा वीजा स्टैंपिंग करनी होगी, लेकिन स्लॉट उपलब्ध न होने से वह चिंतित है।
H1B वीजा धारकों को किन बातों का ध्यान रखना जरूरी?
- US से बाहर रहकर काम करने की स्थिति साफ नहीं है। नियम के मुताबिक ये किसी लोकेशन विशेष पर होना चाहिए। ऐसे में लेबर कंडीशन एप्लीकेशन का महत्व है, जिसमें कंपनी वर्कर की लोकेशन बताती है।
- US से बाहर काम करने पर वापसी पर शख्स की मौजूदा नौकरी से जुड़ी स्थिति के बारे में पूछताछ हो सकती है। नौकरी से जुड़े डॉक्युमेंट संभाल कर रखें।
- छुट्टी के दौरान भारत या किसी दूसरे देश की यात्रा करते समय, ये सुनिश्चित करना जरूरी है कि H-1B वीजा पर वैध स्टैंपिंग हो, इसे रिन्यू भी कराया जाता है।
- इससे पहले दिसंबर में हजारों H-1B वीजा आवेदकों के इंटरव्यू टाल दिए गए थे। बताया गया कि ऐसा आवेदकों की सोशल मीडिया स्क्रीनिंग के चलते किया गया।














