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  • India AI Impact Summit 2026: ‘इंफ्रास्ट्रक्चर काफी नहीं, लोगों को मिले AI की ट्रेनिंग’, जानें किस CEO ने एआई समिट में समझाई सबसे बेसिक बात?

    माइक्रोसॉफ्ट के वाइस चेयरमैन और प्रेजिडेंट ब्रैड स्मिथ ने AI इंपैक्ट समिट में कहा कि भारत माइक्रोसॉफ्ट के लिए AI निवेश के सबसे बड़े देशों में से एक है। कंपनी इस दशक के अंत तक ग्लोबल साउथ में AI के विस्तार के लिए 50 अरब डॉलर खर्च करने की रफ्तार पर है। जिन देशों में


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    By Azad Hind Desk फरवरी 20, 2026
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    माइक्रोसॉफ्ट के वाइस चेयरमैन और प्रेजिडेंट ब्रैड स्मिथ ने AI इंपैक्ट समिट में कहा कि भारत माइक्रोसॉफ्ट के लिए AI निवेश के सबसे बड़े देशों में से एक है। कंपनी इस दशक के अंत तक ग्लोबल साउथ में AI के विस्तार के लिए 50 अरब डॉलर खर्च करने की रफ्तार पर है। जिन देशों में निवेश किया जा रहा है, उनमें भारत प्रमुख है। उन्होंने कहा कि ग्लोबल साउथ में AI को आगे बढ़ाने के लिए सिर्फ बेहतरीन तकनीक काफी नहीं होगी, बल्कि बड़े पैमाने पर निवेश की जरूरत है। डेटा सेंटर, कंप्यूटिंग, बेहतर कनेक्टिविटी और बिजली जैसी बुनियादी सुविधाएं जरूरी हैं। इसके साथ निजी पूंजी, टेक कंपनियों का निवेश और सरकारी सहयोग भी अहम है, ताकि AI के इस्तेमाल की डिमांड बढ़े।

    लोगों को स्किल देना भी जरूरी

    स्मिथ ने कहा, ‘इंफ्रास्ट्रक्चर सिर्फ हार्डवेयर या तार और ग्रिड काफी नहीं है, बल्कि लोगों को कौशल देना भी उतना ही जरूरी है। किसी भी देश में नई तकनीक को बड़े पैमाने पर अपनाने के लिए जरूरी है कि वहां की आबादी को उसे इस्तेमाल करने की ट्रेनिंग मिले। AI को ग्लोबल साउथ के लिए वास्तव में उपयोगी बनाना होगा। AI हर भाषा में उतना ही प्रभावी होना चाहिए जितना वह अंग्रेजी में है। इसके साथ ही, इसका इस्तेमाल उन समस्याओं को हल करने में होना चाहिए जो इन देशों के लिए महत्वपूर्ण हैं।

    AI को ऐसे काम में लगाएं कि सबको फायदा मिले…

    स्मिथ ने कहा, ‘AI मानव जिज्ञासा का अगला बड़ा साधन है और इसके जरिए अनेक अवसर खुलते हैं। जरूरत इस बात की है कि AI को ऐसे काम में लगाया जाए जिससे दुनिया के अधिकतर देशों को तेजी से फायदा मिल सके।’ उन्होंने कहा कि हर AI समिट गर्व का क्षण है, लेकिन इन आयोजनों के बीच पुल बनाने की जरूरत है। स्पष्ट लक्ष्य तय किए जाएं, समान मापदंड बनें और हर साल यह पूछा जाए कि क्या बीते 12 महीनों में वास्तव में प्रगति हुई।

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