विजियम जेम्स का एक प्रसिद्ध कथन है कि ‘कर्म ही भाग्य का आधार, जो बोओगे वही काटोगे।’ विलियम जेम्स का यह कोट वैश्विक हालात पर सटीक बैठता है और अमेरिका को इसे विशेष रूप से याद रखने की जरूरत है। दुनिया इस समय जिस राजनीतिक, आर्थिक और कूटनीतिक उथल-पुथल से गुजर रही है, उसमें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का मौजूदा रवैया और फैसले केंद्रीय भूमिका निभाते नजर आ रहे हैं।
आज अमेरिका जो बो रहा, उसे कल काटना होगा…
अमेरिकी राष्ट्रपति की आक्रामक भाषा, एकतरफा नीतियां और ‘अमेरिका फर्स्ट’ की सोच ने न केवल अमेरिका के भीतर ध्रुवीकरण को गहराया है, बल्कि वैश्विक स्तर पर भी अस्थिरता बढ़ाई है। टैरिफ की धमक, सहयोगी देशों पर दबाव और अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं के प्रति उपेक्षा। ये सभी कदम आज दुनिया को एक अनिश्चित दौर की ओर धकेलते दिख रहे हैं। ऐसे में विलियम जेम्स का यह विचार और भी प्रासंगिक हो जाता है कि कर्म ही भविष्य की नींव रखता है। अमेरिका जो आज बो रहा है, उसका असर आने वाले सालों में जरूर दिखाई देगा।
मानसिक प्रक्रियाएं समस्याओं को सुलझाने में कर सकती है मदद: विलियम जेम्स
विलियम जेम्स को अमेरिका में कार्यात्मक मनोविज्ञान का प्रवर्तक माना जाता है। उन्होंने इंसान के मन को केवल सिद्धांतों में बांधने के बजाय, यह समझने पर जोर दिया कि मानसिक प्रक्रियाएं जीवन की वास्तविक समस्याओं को सुलझाने में कैसे मदद करती हैं। उन्होंने चेतना, आदत, भावना और इच्छा शक्ति पर अध्ययन किया।
अमेरिकी साइकोलॉजिस्ट का मानना था कि आदतें किसी भी इंसान के कैरेक्टर का निर्माण करती हैं, यदि अच्छी आदतें होगी तो उनका जीवन में सकारात्मक प्रभाव पड़ेगी। वहीं बुरी आदतों का जीवन पर नकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। इसी कारण उनके विचार शिक्षा और आत्म-विकास से जुड़े क्षेत्रों में आज भी व्यापक रूप से उपयोग किए जाते हैं।
विलियम जेम्स की चर्चित किताब
विलियम जेम्स की सबसे चर्चित किताब ‘Principles of Psychology’ को मनोविज्ञान की आधारभूत पुस्तकों में गिना जाता है। इस पुस्तक ने मनोविज्ञान को एक स्वतंत्र और व्यावहारिक विज्ञान के रूप में स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
आज के तनावपूर्ण और प्रतिस्पर्धात्मक दौर में विलियम जेम्स के विचार और भी प्रासंगिक हो गए हैं। उनका कर्म-प्रधान नजरिया युवाओं को जिम्मेदारी, आत्म-नियंत्रण और सकारात्मक सोच की प्रेरणा देता है।
विलियम जेम्स के प्रेरित करने वाले 5 और विचार
- मानव जीवन की सबसे बड़ी खोज यह है कि इंसान अपने दृष्टिकोण को बदलकर अपना जीवन बदल सकता है।
- आदतें जीवन की विशाल उड़ान-पट्टी हैं, जिनसे या तो हम ऊपर उठते हैं या नीचे गिरते हैं।
- आस्था वह शक्ति है जो अदृश्य को भी संभव बना देती है।
- जब आप कोई निर्णय लेते हैं, तभी आपके भीतर परिवर्तन की प्रक्रिया शुरू हो जाती है।
- हम अपने अनुभवों से नहीं, बल्कि उन अनुभवों के प्रति अपने नजरिए से बनते हैं।














