गोविंदा ने एक इंटरव्यू में उस भयावह पल को याद किया, जब कुछ अजनबी रात में उनके घर घुसने वाले थे, ‘वहां करीब 22-23 लोग थे। मैंने उनको आते हुए देख लिया था। पहले तो मुझे लगा कि वह यहां किसी पार्टी के लिए आए हैं लेकिन वो वैसे पार्टी वाले लोग लग नहीं रहे थे। इसलिए मैंने उनका वीडियो बनाया।’
गोविंदा को मुंबई पुलिस से नहीं मिली मदद
एक्टर ने आगे बताया, ‘जब मुंबई पुलिस ने मेरा फोन नहीं उठाया तो मैंने दूसरे देश की पुलिस को फोन किया। और उनसे कहा कि वह लाइन पर ही रहें।’ बात तब बढ़ गई जब एक शख्स उनकी छत पर चढ़ गया। ‘उन लोगों ने मुझे चारों तरफ से घेर लिया। उस दौरान मैंने सबको फोन किया और सबकुछ बता दिया। मेरे पाल लाइसेंस बंदूक है तो मैंने उसे निकाला और हिम्मत करके बाहर गया और पूछा कि तुम कौन हो?’
गोविंदा ने बाहर खड़े लोगों पर तानी बंदूक
गोविंदा ने बताया कि उस वक्त सभी चुप खड़े थे। लेकिन एक व्यक्ति बोला, ‘हम यहां बिजली सही करने आए थे।’ लेकिन उनकी बातों से एक्टर संतुष्ट नहीं हुए और उन्होंने फिर पूछा कि वह इतनी देर से यहां पर क्यों थे? मगर कोई बोला नहीं। ‘इसलिए मैंने बंदूक तानी और उनसे जाने के लिए कहा। लोग उसकी उम्मीद नहीं कर रहे थे।’
गोविंदा ने हर चीज पर रिएक्ट करने को बताया गलत
गोविंदा ने उन लोगों के बारे में ज्यादा जाने बगैर उन्हें जाने दिया। कहा, ‘ये समय की बर्बादी थी। लोग चाहते हैं कि हम उनके बारे में सोचने में अपनी सारी एनर्जी लगा दें। एक अच्छा एक्टर इस तरह का काम नहीं करता है। वो एक्टर करता है या फिर रिएक्ट करता है। एक्टर का काम सिर्फ अभिनय करना है। अगर एक्टर सब चीजों पर रिएक्ट करने लगेगा, तो समाज कहेगा कि ये अच्छा नहीं लग रहा। हां अगर आप लंबे समय तक चुप रहते हैं तो उसका भी गलत मतलब निकाला जा सकता है। वो भी सही नहीं।’
गोविंदा ने खुद को मार ली थी गोली
बता दें कि गोविंदा ने अक्टूबर, 2024 में अपने पांव पर गलती से गोली मार ली थी। जिसके बाद उनको फौरन अस्पताल में भर्ती कराया गया था और घर के बाहर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किए गए थे। इधर, उनकी सर्जरी हुई थी और उनसे मिलने कृष्णा अभिषेक, कश्मीरा शाह पहुंचे थे।













