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  • भारत-चीन में सुलह की कोशिश: नई दिल्ली में रणनीतिक चर्चा, क्या तनाव छोड़ अब पटरी पर लौटेंगे रिश्ते?

    बीजिंग: दुनिया में तेजी से बदलते घटनाक्रम के बीच भारत-चीन आपसी संबंधों को मजबूत बना रहे हैं। हाल में ही भारत और चीन के बीच नई दिल्ली में रणनीतिक बैठक हुई थी। इसके बाद चीनी विदेश मंत्रालय ने बयान जारी किया है। इस बयान में बताया गया है कि भारत और चीन ने क्षेत्रीय हालात,


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    By Azad Hind Desk फरवरी 11, 2026
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    बीजिंग: दुनिया में तेजी से बदलते घटनाक्रम के बीच भारत-चीन आपसी संबंधों को मजबूत बना रहे हैं। हाल में ही भारत और चीन के बीच नई दिल्ली में रणनीतिक बैठक हुई थी। इसके बाद चीनी विदेश मंत्रालय ने बयान जारी किया है। इस बयान में बताया गया है कि भारत और चीन ने क्षेत्रीय हालात, अपनी अंदरूनी और बाहरी नीतियों, अंतरराष्ट्रीय मामलों पर गहन चर्चा की है। वहीं, चीनी विशेषज्ञों का कहना है कि इससे पता चलता है कि भारत और चीन के आपसी रिश्ते सुधार की ओर बढ़ रहे हैं। वर्ष 2020 में गलवान संघर्ष के बाद भारत-चीन संबंधों में तल्खी आ गई थी, हालांकि हाल के दिनों में इसमें सुधार देखने को मिला है।

    ग्लोबल टाइम्स ने क्या लिखा

    चीन की सरकारी मीडिया ग्लोबल टाइम्स ने लिखा, चीन और भारत के सीनियर अधिकारी मंगलवार को नई दिल्ली में चीन-भारत स्ट्रेटेजिक बातचीत में शामिल हुए। चीनी विदेश मंत्रालय की मंगलवार देर रात जारी एक बयान के मुताबिक, दोनों पक्षों ने अंतरराष्ट्रीय और क्षेत्रीय हालात, अपनी-अपनी अंदरूनी और बाहरी पॉलिसी, एक जैसे फायदे वाले इंटरनेशनल और रीजनल मामलों और चीन-भारत रिश्तों पर दोस्ताना, साफ और गहरी बातचीत की।

    भारत और चीन के बीच बड़ी बैठक

    रिपोर्ट में बताया गया कि BRICS शेरपा मीटिंग के मौके पर हुई इस मीटिंग में चीन के एग्जीक्यूटिव वाइस मिनिस्टर ऑफ फॉरेन अफेयर्स मा झाओक्सू और भारतीय विदेश सचिव विक्रम मिसरी शामिल हुए। चीनी विदेश मंत्रालय ने कहा कि दोनों पक्षों ने चीन-भारत संबंधों को स्ट्रेटेजिक और लंबे समय के नज़रिए से देखने और संभालने की जरूरत पर जोर दिया, और इस स्ट्रेटेजिक सोच को बनाए रखा कि चीन और भारत दुश्मन के बजाय सहयोगी पार्टनर हैं, और दोनों देश एक-दूसरे के लिए खतरा नहीं बल्कि विकास का मौका हैं।

    भारतीय विदेश मंत्रालय ने क्या कहा

    भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने मंगलवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इस बैठक की जानकारी दी। उन्होंने एक तस्वीर भी पोस्ट की, जिसमें चीनी अधिकारी मा झाओक्सू और विक्रम मिस हाथ मिलाते हुए नजर आए। इस पोस्ट में उन्होंने कहा गया: “दोनों पक्षों ने द्विपक्षीय संबंधों में सकारात्मक गति की समीक्षा की और लोगों के बीच आदान-प्रदान को बढ़ाकर और संवेदनशील मुद्दों पर चिंताओं को दूर करके संबंधों को और आगे बढ़ाने के तरीकों पर चर्चा की।”

    चीनी एक्सपर्ट ने बताया रिश्तों में सुधार की आहट

    सिंघुआ यूनिवर्सिटी के नेशनल स्ट्रेटेजी इंस्टीट्यूट में रिसर्च डिपार्टमेंट के डायरेक्टर कियान फेंग ने बुधवार को ग्लोबल टाइम्स को बताया कि 2026 की शुरुआत में होने वाली स्ट्रेटेजिक बातचीत चीन-भारत रिश्तों में चल रही नरमी को जारी रखने का संकेत है। इस प्रोसेस की खासियत लगातार हाई-लेवल कम्युनिकेशन और कोऑर्डिनेशन के साथ-साथ दोनों देशों के नेताओं के बीच बनी स्ट्रेटेजिक आम सहमति के मुताबिक एक-दूसरे की ओर बढ़ने में आपसी जुड़ाव है।

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